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दक्षिण लेबनान में भारत का 80वां स्वतंत्रता दिवस गर्व और धूमधाम से मनाया गया

दक्षिण

बेरूत, 16 अगस्त (आईएएनएस)। अपने देश से दूर होने के बावजूद भारत की भावना को गर्व के साथ संजोए हुए यूनाइटेड नेशंस इंटरिम फोर्स इन लेबनान (यूनीफिल) के तहत तैनात भारतीय बटालियन ने दक्षिण लेबनान के 'इंडबैट' मुख्यालय, यूएनपी 4-2 में भारत का 80वां स्वतंत्रता दिवस बड़े उत्साह, भव्य समारोह और देशभक्ति की भावना के साथ मनाया।

इस अवसर पर लेबनान में भारत के राजदूत महामहिम मोहम्मद नूर रहमान शेख, लेबनान में कजाकिस्तान के राजदूत महामहिम रसूल जुमाली, भारत में लेबनान के राजदूत महामहिम हादी जाबेर और 'यूनीफिल' के फोर्स कमांडर मेजर जनरल डियोडाटो अबाग्नारा मौजूद थे। इनके साथ 'यूनीफिल' के वरिष्ठ अधिकारी, लेबनान के सैन्य कमांडर, मेयर, स्थानीय नेता और इसमें शामिल देशों के सैन्य दलों के कमांडर भी उपस्थित थे।

समारोह की शुरुआत भारत के राजदूत द्वारा तिरंगा फहराने के साथ हुई, जिसके बाद एक शानदार सैन्य परेड आयोजित की गई। भारतीय सैनिकों की बेहतरीन वेशभूषा, सटीक ड्रिल, अनुशासन और सैन्य तौर-तरीकों की खूब सराहना की गई, जो भारतीय सशस्त्र बलों की व्यावसायिकता और उच्च मानकों को दर्शाते हैं।

इन शानदार समारोहों में भारत की सभ्यतागत विरासत और सांस्कृतिक विविधता की झलक देखने को मिली। इसमें महात्मा गांधी और रवींद्रनाथ टैगोर की झांकियां, योग प्रदर्शन, भांगड़ा, भारत के रंगों को दर्शाने वाले लोक नृत्य, देशभक्ति गीत और महात्मा गांधी व महाराणा प्रताप पर आधारित नाटक शामिल थे। मिलिट्री बैंड की प्रस्तुति और मिलिट्री वर्किंग डॉग के प्रदर्शन ने भारतीय टुकड़ी की बहुमुखी प्रतिभा और पेशेवर उत्कृष्टता को और भी उजागर किया।

स्वदेशी हाई मोबिलिटी लाइट टैक्टिकल व्हीकल्स और सैन्य तकनीक के प्रदर्शन ने भारत की बढ़ती क्षमताओं, इनोवेशन और रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को प्रदर्शित किया।

इन समारोहों से पहले कई सामुदायिक और मानवीय पहल की गईं, जिनमें मेडिकल, डेंटल और पशु चिकित्सा कैंप, दवा वितरण, बच्चों के लिए समर कैंप की गतिविधियां और महिलाओं के लिए शैक्षिक सत्र शामिल थे। ये पहल 01 से 15 अगस्त 2026 के बीच की गईं; इनसे दक्षिण लेबनान के लोगों की सेवा करने और उनके साथ संबंध मजबूत करने के प्रति 'इंडबैट' की प्रतिबद्धता और मजबूत हुई।

यह जश्न इसलिए भी खास था क्योंकि इसने भारत, लेबनान, संयुक्त राष्ट्र और अंतरराष्ट्रीय शांति-रक्षक समुदाय को एक मंच पर इकट्ठा किया। यह भारत की 'सॉफ्ट पावर', सैन्य पेशेवरपन, सांस्कृतिक कूटनीति और वैश्विक शांति के प्रति उसकी प्रतिबद्धता का एक सशक्त उदाहरण था।

अपने संबोधन में, भारत के राजदूत और 'यूनीफिल' फोर्स कमांडर ने शानदार परेड, अनुशासन के उच्च स्तर और भारत की विरासत की जीवंत प्रस्तुति की सराहना की, साथ ही 'इंडबैट' के अपने मिशन के प्रति निरंतर समर्पण की भी प्रशंसा की।

संयुक्त राष्ट्र के झंडे के नीचे, तिरंगा भारत के गौरव, शांति और साझेदारी के प्रतीक के रूप में लहराया। इसने अंतरराष्ट्रीय समुदाय को दिखाया कि भारतीय सैनिक न केवल देश की ताकत का प्रतिनिधित्व करते हैं, बल्कि सेवा, करुणा और मित्रता जैसे मूल्यों को भी साथ लेकर चलते हैं।

दक्षिण लेबनान में भारत का 80वां स्वतंत्रता दिवस केवल एक उत्सव नहीं था, बल्कि यह दुनिया के सामने गर्व के साथ प्रस्तुत की गई भारत की भावना, शक्ति और विरासत का प्रदर्शन था।

--आईएएनएस

एमएस/