मुंबई, 22 जुलाई (आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हाल ही में न्यूजीलैंड का दौरा कर लौटे हैं। यह दौरा ऐतिहासिक था। ट्रेड से लेकर पीपुल-टू-पीपुल कनेक्ट को लेकर सार्थक बातचीत हुई। दोनों पक्षों के लिए यह काफी अहम है। लक्ष्य 2030 तक व्यापार दोगुना करने का है। आईएएनएस से एक्सक्लूसिव बातचीत में न्यूजीलैंड के व्यापार आयुक्त एवं भारत-दक्षिण एशिया के महावाणिज्यदूत ग्राहम राउज ने एफटीए से बंधी उम्मीदों और भारत में आए बदलाव पर राय रखी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हालिया न्यूजीलैंड यात्रा को ऐतिहासिक बताते हुए राउज ने कहा कि इस दौरे के दौरान कई महत्वपूर्ण समझौते हुए। इनमें सबसे अहम भारत और न्यूजीलैंड के संबंधों को रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक बढ़ाना रहा।
राउज ने कहा, "इस साझेदारी के तहत 2030 तक दोनों देशों के बीच व्यापार दोगुना करने का लक्ष्य रखा गया है। यह लक्ष्य महत्वाकांक्षी जरूर है, लेकिन इसे हासिल करना पूरी तरह संभव है।"
उन्होंने कहा, "जब मैंने 2022-23 में भारत में काम शुरू किया था, तब से अब तक व्यापार पहले ही दोगुना हो चुका है। अब मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) लागू होने वाला है, इसलिए 2030 तक व्यापार दोगुना करने की यह महत्वाकांक्षा काफी वास्तविक लगती है और इसे लेकर सभी उत्साहित हैं।"
प्रधानमंत्री मोदी की न्यूजीलैंड यात्रा को लेकर राउज ने कहा कि यह उनके देश के लिए बेहद विशेष अवसर था। उन्होंने कहा, "प्रधानमंत्री मोदी का स्वागत करने के लिए न्यूजीलैंड में मौजूद रहना मेरे लिए बड़े सम्मान की बात थी। 40 वर्षों बाद किसी भारतीय प्रधानमंत्री की यह पहली न्यूजीलैंड यात्रा थी, इसलिए यह हमारे लिए एक बड़ा अवसर था।"
भारत-न्यूजीलैंड मुक्त व्यापार समझौते के बारे में राउज ने कहा कि इसके लागू होने के बाद भारत को कई महत्वपूर्ण लाभ मिलेंगे। उन्होंने कहा कि न्यूजीलैंड में भारत से होने वाला पूरा निर्यात शुल्क मुक्त हो जाएगा।
उन्होंने बताया कि एफटीए से सबसे अधिक लाभ विनिर्माण क्षेत्र (इलेक्ट्रॉनिक्स, दवा उद्योग और मशीनरी जैसे उत्पादों), श्रम आधारित उद्योगों (परिधान, कपड़ा, जूते और चमड़ा क्षेत्र) और सेवा एवं शिक्षा क्षेत्र (स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा संस्थान, आईटी और अन्य सेवाओं से जुड़े) को मिलेगा।
न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन की भारत यात्रा की संभावना पर राउज ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि वह दोबारा भारत आएंगे।
उन्होंने कहा, "मुझे पूरा विश्वास है कि वह वापस आएंगे। मुझे नहीं पता कि यह कब होगा। इस साल के अंत में न्यूजीलैंड में आम चुनाव होने हैं, इसलिए संभव है कि चुनाव से पहले यह न हो पाए। लेकिन मैं जानता हूं कि उनका भारत के प्रति विशेष लगाव है और वह यहां दोबारा आना पसंद करेंगे।"
मुंबई और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के साथ हुई बैठकों पर राउज ने शहर के विकास की प्रशंसा की।
उन्होंने कहा, "मैं यहां तीन वर्षों से हूं और इतने कम समय में भी मैंने शहर को बदलते देखा है। मैंने कोस्टल रोड को खुलते देखा, अटल सेतु को शुरू होते देखा और अब नवी मुंबई एयरपोर्ट तथा पुणे टनल का निर्माण देख रहा हूं।"
उन्होंने कहा कि वह इन परियोजनाओं का खुद लाभ उठा रहे हैं और रोजाना कोस्टल रोड का इस्तेमाल करते हैं। वो बोले, "शहर की बदलती स्काईलाइन, चारों ओर दिखाई दे रहे क्रेन और तेजी से हो रहे निर्माण कार्यों को देखना वाकई अद्भुत है। यह स्पष्ट है कि मुंबई तेजी से आगे बढ़ता हुआ शहर है।"
राउज ने कहा, "मुंबई तेजी से आगे बढ़ता हुआ शहर है। यहां चारों ओर निर्माण कार्य और विकास दिखाई देता है। मैं यहां रहकर इस विकास को देखने के लिए खुद को भाग्यशाली मानता हूं। मैं मुख्यमंत्री फडणवीस को मुंबई के विकास के इस दौर का नेतृत्व करने के लिए बधाई देता हूं।"
उन्होंने कहा कि न्यूजीलैंड महाराष्ट्र की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और राज्य के लोगों के विकास में सहयोग करने के लिए उत्साहित है।
--आईएनएनएस
केआर/






