झारखंडः सरकार ने आंदोलित छात्रों को भेजा वार्ता का न्योता, छात्र बोले- बंद कमरे में नहीं, खुले में होगी बातचीत

झारखंडः सरकार ने आंदोलित छात्रों को भेजा वार्ता का न्योता, छात्र बोले- बंद कमरे में नहीं, खुले में होगी बातचीत

रांची, 5 अगस्त (आईएएनएस)। झारखंड जेपीएससी-जेएसएससी भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ियों के खिलाफ 12 दिनों से रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में सत्याग्रह पर बैठे छात्रों और राज्य सरकार के बीच आखिरकार बातचीत की कोशिश शुरू हो गई है।

सरकार की ओर से रांची के एसडीओ कुमार रजत बुधवार को जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम पहुंचे। उन्होंने छात्रों से कहा कि सरकार बातचीत के लिए तैयार है। पांच या सात छात्रों का प्रतिनिधिमंडल भेजिए। सरकार हर मुद्दे पर बातचीत से हल निकालने को तत्पर है, लेकिन छात्रों ने भी साफ जवाब दे दिया।

छात्रों ने कहा कि बातचीत होगी, लेकिन बंद कमरे में नहीं। कैमरे के सामने होगी। मीडिया की मौजूदगी में होगी। जो बात होगी, सबके सामने होगी। छात्रों का कहना है कि यह सिर्फ कुछ लोगों का मुद्दा नहीं है। पूरे झारखंड के युवाओं का सवाल है, इसलिए पूरी प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए।

इसके पहले बुधवार दोपहर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने छात्रों के आंदोलन से जुड़े मुद्दों पर लोकभवन पहुंचकर राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार से मुलाकात की और उन्हें पूरी स्थिति से अवगत कराया। उन्होंने कहा कि सरकार पूरे मामले पर नजर रख रही है। छात्रों के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। जो शिकायतें हैं, उनकी जांच चल रही है। एजेंसी तत्परता के साथ काम कर रही है। हर समस्या का हल संवाद से निकालने की कोशिश होगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार के दरवाजे सबके लिए खुले हैं। जिसकी भी कोई बात है, वह सरकार तक पहुंचा सकता है। जांच एजेंसियां अपना काम कर रही हैं। जांच पूरी होने के बाद जो सच होगा, वही सामने आएगा। उन्होंने यह भी कहा कि भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी का मामला सिर्फ झारखंड तक सीमित नहीं है। दूसरे राज्यों में भी ऐसी घटनाएं सामने आई हैं। अब यह राष्ट्रीय मुद्दा बन गया है। जरूरत पड़ी तो इस मुद्दे पर केंद्रीय गृह मंत्री से भी बातचीत की जाएगी।

--आईएएनएस

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