बीजिंग, 26 अगस्त (आईएएनएस)। बंदरगाहों और डॉकों से दुनिया के अलग अलग हिस्सों में भेजे जाने वाले 'मेड इन चाइना' उत्पादों से लेकर चीनी सुपरमार्केट की अलमारियों पर सजे 'ग्लोबल प्रोडक्ट्स' तक, चीन का विदेशी व्यापार आयात और निर्यात के जरिए वैश्विक अर्थव्यवस्था को लगातार मजबूती दे रहा है।
चाइना मीडिया ग्रुप (सीएमजी) के अधीन चाइना ग्लोबल टेलीविजन नेटवर्क (सीजीटीएन) की ओर से दुनिया भर के इंटरनेट यूजर्स के बीच किए गए एक सर्वेक्षण में 87 प्रतिशत लोगों ने माना कि अनिश्चितताओं से भरी दुनिया में चीन 'सुपर क्रेता' और 'सुपर विक्रेता' दोनों की भूमिका निभाकर वैश्विक व्यापार में स्थिरता ला रहा है।
एक 'सुपर विक्रेता' के तौर पर चीन दुनिया को बेहतर गुणवत्ता, किफायती कीमत और भरोसेमंद उत्पाद उपलब्ध करा रहा है। सर्वेक्षण में चीन में बने स्मार्ट डिवाइस, इलेक्ट्रिक वाहन और रोजमर्रा की जरूरतों के सामान इंटरनेट यूजर्स की पसंद की शीर्ष तीन श्रेणियां रहे। कुल 89.2 प्रतिशत उत्तरदाताओं का मानना है कि चीनी उत्पाद वैश्विक बाजार में प्रतिस्पर्धी हैं। वहीं, 84.7 प्रतिशत लोगों के मुताबिक, आधुनिक तकनीक और बेहतर लागत प्रभावशीलता चीनी उत्पादों की प्रमुख ताकत हैं।
इसके अलावा, 80.4 प्रतिशत लोगों का मानना है कि चीन के निर्यात से दुनिया के अलग अलग देशों को लगातार फायदा मिल रहा है। खास तौर पर, 80.2 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने माना कि चीन के ज्यादातर निर्यात ऐसे उत्पाद हैं, जिन्हें दूसरे देश बना ही नहीं सकते या फिर उन्हें बहुत अधिक लागत पर बनाना पड़ता है। इसे अंतरराष्ट्रीय श्रम विभाजन और तुलनात्मक लाभ का स्वाभाविक नतीजा माना गया है।
वहीं, 'सुपर क्रेता' के तौर पर चीन का विशाल बाजार दुनिया के लिए एक बड़ा अवसर बन रहा है। चीनी बाजार अब वैश्विक स्तर पर महत्वपूर्ण बाजारों में शामिल हो गया है। साल 2025 में चीन लगातार 17वें साल दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा आयातक रहा और करीब 80 देशों और क्षेत्रों के लिए प्रमुख निर्यात बाजार बना रहा। इस साल के पहले सात महीनों में चीन के 150 से अधिक व्यापारिक साझेदारों से आयात में सकारात्मक वृद्धि दर्ज की गई।
इसी क्रम में, सर्वेक्षण में 89.8 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने माना कि चीन ने ज्यादा से ज्यादा देशों के लिए रोजगार और टैक्स से होने वाली आय के अवसर पैदा किए हैं।
वहीं, 85.9 प्रतिशत लोगों का मानना है कि चीन आयात बढ़ाने और संतुलित व्यापार को बढ़ावा देने के लिए सक्रिय कदम उठा रहा है। इस साल मई में चीन ने उसके साथ राजनयिक संबंध रखने वाले 53 अफ्रीकी देशों के लिए शून्य टैरिफ नीति पूरी तरह लागू कर दी।
80.1 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने इस कदम की सराहना करते हुए कहा कि यह चीन के अधिक खुलेपन और बाजार के लाभों को दूसरे देशों के साथ साझा करने की प्रतिबद्धता को दिखाता है।
इसके अलावा, 85.7 प्रतिशत उत्तरदाताओं का मानना है कि चीन में बढ़ते उपभोग से मिलने वाले फायदे दुनिया के दूसरे हिस्सों तक भी पहुंच रहे हैं। इससे विकासशील देशों को अपने खास उत्पादों के लिए बड़े बाजार मिल रहे हैं। वहीं, 90.9 प्रतिशत लोगों ने माना कि चीन संसाधन आधारित और निर्यात पर निर्भर देशों को अपनी अर्थव्यवस्थाओं को विकसित करने में मदद कर रहा है और सभी के लिए फायदेमंद तथा समावेशी आर्थिक वैश्वीकरण को बढ़ावा दे रहा है।
बता दें कि यह सर्वेक्षण सीजीटीएन के अंग्रेजी, स्पेनिश, फ्रेंच, अरबी और रूसी प्लेटफॉर्म पर प्रकाशित किया गया था। इसमें 8,864 इंटरनेट यूजर्स ने हिस्सा लिया और 24 घंटे के भीतर अपने विचार साझा किए।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)
--आईएएनएस
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