सोलापुर: एटीएस की कार्रवाई, अंतरराष्ट्रीय संगठन से कथित फंडिंग लिंक मामले में तीन लोगों पर शिकंजा

सोलापुर: एटीएस की कार्रवाई, अंतरराष्ट्रीय संगठन से कथित फंडिंग लिंक मामले में तीन लोगों पर शिकंजा

सोलापुर, 14 जुलाई (आईएएनएस)। महाराष्ट्र एंटी टेररिज्म स्क्वॉड ने सोलापुर के तीन लोगों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए उन पर एक अंतरराष्ट्रीय संगठन और पाकिस्तानी नागरिकों से कथित संबंध रखने का आरोप लगाया है। जांच के दौरान वित्तीय लेनदेन से जुड़े कई अहम तथ्य सामने आए हैं, जिसके बाद मामले की गंभीरता बढ़ गई है।

सोलापुर के चीफ पब्लिक प्रॉसिक्यूटर प्रदीप सिंह राजपूत के अनुसार, जांच में एक अंतरराष्ट्रीय संगठन के साथ वित्तीय संबंधों का पता चला है। जांच एजेंसियों को कुल 126 करोड़ रुपए के संदिग्ध ट्रांजेक्शन की जानकारी मिली है।

प्राथमिक जांच में यह भी सामने आया है कि सोलापुर के तीन आरोपियों ने संबंधित अंतरराष्ट्रीय संगठन को कथित तौर पर 10 करोड़ 50 लाख रुपए की फंडिंग उपलब्ध कराई थी।

मामले में अदालत ने सख्त रुख अपनाते हुए गिरफ्तार एक आरोपी की जमानत याचिका खारिज कर दी है। वहीं, दो अन्य आरोपियों द्वारा दायर अग्रिम जमानत (एंटीसिपेटरी बेल) याचिकाएं भी कोर्ट ने नामंजूर कर दी हैं।

जांच एजेंसियों के मुताबिक, आरोपियों के मोबाइल फोन की जांच में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। मोबाइल डेटा में पाकिस्तान के 70 से अधिक लोगों के नंबर पाए गए हैं। इसके अलावा आरोपी चार व्हाट्सएप समूहों से भी जुड़े हुए थे, जिनकी जांच की जा रही है।

एटीएस की जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपियों ने एक फर्जी चैरिटी संगठन का पंजीकरण कराकर उसके माध्यम से करीब 10 करोड़ 50 लाख रुपए का लेनदेन किया था।

जांच अधिकारियों के अनुसार, यह धनराशि सोलापुर के नागरिकों से विभिन्न माध्यमों से जुटाई गई थी और बाद में संबंधित अंतरराष्ट्रीय संगठन को भेजी गई।

एटीएस का कहना है कि इस मामले में कार्रवाई इसलिए की गई क्योंकि ऐसी आशंका है कि अंतरराष्ट्रीय संगठन को भेजे गए फंड का इस्तेमाल आतंकी गतिविधियों के लिए किया गया हो सकता है। इसी पहलू को ध्यान में रखते हुए मामले की गहन जांच जारी है।

फिलहाल, एटीएस वित्तीय लेनदेन, विदेशी संपर्कों और कथित संगठन की गतिविधियों की विस्तृत जांच कर रही है। मामले में आगे और खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।

--आईएएनएस

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