रायपुर, 5 जुलाई (आईएएनएस)। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता भूपेश बघेल ने राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सवाल उठाते हुए पूछा है कि जब भूमि पूजन, प्राण प्रतिष्ठा और ट्रस्ट गठन जैसे सभी कार्य पीएम मोदी ने किए, तो अब वे चुप क्यों हैं।
रायपुर में मीडिया से बातचीत के दौरान भूपेश बघेल ने कहा कि राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले पर एसआईटी की जांच का दस्तावेज गोपनीय रखा गया है। किसी पत्रकार को इसकी जानकारी नहीं दी गई। मंदिर ट्रस्ट के पास यह कैसे आएगा, इसकी चर्चा कैसे होगी? जब मंदिर का शिलान्यास हुआ, भूमि पूजन से लेकर उद्घाटन और प्राण प्रतिष्ठा तक पीएम मोदी ने किया। ट्रस्ट का गठन भी पीएम मोदी ने किया। उनकी ओर से जवाब क्यों नहीं आ रहा है? ट्रस्ट बैठक कर रहा है, सवाल यह है कि पीएम मोदी क्यों बैठक नहीं कर रहे? पीएम मोदी चुप क्यों हैं?”
ई20 ईंधन को लेकर भी भूपेश बघेल ने केंद्र सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा, “कोई भी नई चीज आती है तो ट्रायल किया जाता है। ट्रायल कब लिया गया। सरकार को चाहिए था कि सभी कंपनियों की गाड़ियों का परीक्षण होना चाहिए था कि माइलेज कितना कम आ रहा है और इंजन पर कितना असर पड़ रहा है। अध्ययन होना चाहिए था।
उन्होंने कहा कि सबका श्रेय भाजपा सरकार लेती है, तो सारा ठीकरा नितिन गड़करी पर क्यों फोड़ा जा रहा है।
नकटी गांव में गरीबों के घर तोड़ने पर भूपेश बघेल ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी बुरी तरह फंस गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार बुरी तरह फंस गई है। नकटी गांव में जिस प्रकार की कार्रवाई हुई, उसे पूरे प्रदेश में किसी ने पसंद नहीं किया। बहुत गलत कार्रवाई हुई है। गरीबों के घर तोड़कर वहां विधायकों का आवास बनाया जा रहा है। यह किसी को भी स्वीकार नहीं है।
भूपेश बघेल ने कहा कि पहले भाजपा कह रही थी कि यह सरकार का काम है, हमारा इससे कोई लेना-देना नहीं है। अब जब चारों तरफ निंदा हो रही है तो वे आरोप लगा रहे हैं कि यह पिछली सरकार का काम है। पिछली सरकार ने गरीबों के घर तोड़ने के लिए नहीं कहा था।
उन्होंने कहा कि 22-23 लोगों को पीएम आवास योजना के तहत मकान मिले थे, रातोंरात उन्हें उजाड़ा जा रहा है।
उन्होंने प्रक्रिया पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि हमने कहा था कि मकान तोड़ने के लिए नोटिस दो, जवाब आने दो, फिर जमीन चिन्हांकित करो। किसको इंदिरा आवास मिला, किसको पीएम आवास मिला, किसकी जमीन नजूल है या चारागाह है, इसकी जांच करो। उसके हिसाब से विस्थापन की कार्रवाई करो। लेकिन प्रशासनिक विस्थापन की कोई प्रक्रिया नहीं अपनाई गई।
भूपेश बघेल ने कहा कि भाजपा सरकार ने पिछली सरकार की कई योजनाओं को बंद कर दिया है और अब उसी को दोष दे रही है। उन्होंने पूरे मामले को जनता के बीच उठाने का संकेत दिया।
--आईएएनएस
डीकेएम/वीसी






