विक्टोरिया, 27 जून (आईएएनएस)। हिंद महासागर में समुद्री सुरक्षा और सहयोग को मजबूत करते हुए भारत ने सेशेल्स को एक ‘मेड इन इंडिया’ फास्ट पेट्रोल वेसल (एफपीवी) 'पीएस लेस्पवार' सौंपा। सेशेल्स कोस्ट गार्ड बेस पर कार्यक्रम के दौरान पीएम मोदी ने सेशेल्स के राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी को 'फास्ट पेट्रोल वेसल' सौंपा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी सेशेल्स की यात्रा के दौरान सहयोग की दृष्टि से भारत की ओर से यह पोत सेशेल्स कोस्ट गार्ड को दिया। यह हाईस्पीड पोत समुद्री निगरानी, तस्करी और समुद्री डकैती रोकने में अहम भूमिका निभाएगा।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "एक खास पहल के तहत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'मेड इन इंडिया' फास्ट पेट्रोल वेसल (एफपीवी) 'पीएस लेस्पवार' राष्ट्रपति डॉ पैट्रिक हर्मिनी को सौंपा। यह एफपीवी सेशेल्स की समुद्री निगरानी और ईईजेड पेट्रोलिंग क्षमताओं को मजबूत करने में मदद करेगा।"
यह पोत एक हाई-स्पीड गश्ती पोत है, जो सेशेल्स की नौवहन की सुरक्षा को मजबूती देगा। समुद्री सुरक्षा के लिहाज से गश्ती पेट्रोल काफी महत्वपूर्ण होती है। यह तेज रफ्तार गश्ती पोत सेशेल्स की समुद्री निगरानी और उसके विशेष आर्थिक क्षेत्र (ईईजेड) में गश्त की क्षमता को मजबूत करने में मदद करेगा। समुद्री डाकुओं और समुद्री तस्करी को रोकने के लिए गश्ती पेट्रोल की काफी जरूरत होती है। भारत की यह भेंट सेशेल्स की उसी सुरक्षा को मजबूती देगा।
प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बताया कि भारत के विजन 'महासागर' के तहत भारत और सेशेल्स अपनी मजबूत रक्षा साझेदारी को लगातार आगे बढ़ा रहे हैं, जिससे हिंद महासागर क्षेत्र में सुरक्षा और स्थिरता को बढ़ावा मिल रहा है।
भारत लगातार अपने 'महासागर' विजन के तहत सुरक्षित नौवहन पर जोर देता रहा है। इसी के तहत यह समुद्री गश्ती पोत सौंपा गया है। यह पोत भारत में गोवा शिपयार्ड की निगरानी में तैयार किया गया है।
प्रवक्ता जायसवाल ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी ने सेशेल्स को छह एंबुलेंस, दस यूटिलिटी वाहन और पांच लेजर रेडियल बोट्स भी सौंपे। ये सुविधाएं सेशेल्स के विकास और सुरक्षा व्यवस्था को और बेहतर बनाने में योगदान देंगी।
इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी ने सेशेल्स की राजकीय यात्रा की शुरुआत में राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी के साथ विक्टोरिया स्थित 'सेशेल्स नेशनल बोटैनिकल गार्डन' का दौरा किया। बोटैनिकल गार्डन में प्रधानमंत्री मोदी ने बड़े उत्साह से विशाल कछुओं को खाना खिलाया। इनमें 194 साल के जोनाथन भी शामिल था, जिसे दुनिया का सबसे उम्रदराज जीवित स्थलीय जानवर माना जाता है।
इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति हर्मिनी ने गार्डन में एक पौधा भी लगाया। इसके बाद उन्होंने वहां के कर्मचारियों से मुलाकात की। कर्मचारियों ने उन्हें बोटैनिक्ल गार्डन के पेड़-पौधों और वन्यजीवों के बारे में जानकारी दी।
--आईएएनएस
एवाई/डीकेपी






