बीजिंग, 26 जून (आईएएनएस)। चीनी कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीसी) की स्थापना की 2026 में 105वीं वर्षगांठ मनाई जाएगी।
सीपीसी के प्रति बहुत से लोग उत्सुक हैं: शुरुआत में मात्र 50 सदस्यों वाली एक छोटी सी पार्टी ने चीनी जनता का नेतृत्व करते हुए दुनिया को कैसे बदल दिया, चीन को एक गरीब और कमजोर राष्ट्र से मात्र 100 वर्षों में दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था में कैसे बदल दिया, जिससे एक अरब से अधिक लोग अभूतपूर्व रूप से बेहतर जीवन जी सकें? इसने विकास का ऐसा चमत्कार कैसे किया, जिसने दुनिया को चौंका दिया?
इसका जवाब 105 साल पहले चीन के चच्यांग प्रांत के च्याशिंग शहर में स्थित नानहू झील पर एक लाल नाव में छिपा है, क्योंकि वहां एक 'चिंगारी' प्रज्वलित हुई, जिसे चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने 'सीपीसी की स्थापना की महान भावना' के रूप में संक्षेप में बताया और इसे 'चीनी कम्युनिस्ट पार्टी का आध्यात्मिक स्रोत' के रूप में स्थापित किया। यह 'चीनी कम्युनिस्ट पार्टी की क्षमता के पीछे छिपे आध्यात्मिक रहस्य' जैसा है - इस रहस्य के मूल निर्देश, हालांकि एक सदी पुराने हैं, कभी नहीं बदले हैं।
इस आध्यात्मिक स्रोत कोड का सार आदर्शों को कायम रखना और लोगों की सेवा करना है। क्रांतिकारी युग के दौरान किए गए बलिदानों से लेकर गरीबी उन्मूलन के मार्ग में किसी को भी पीछे न छूटने देने तक; एक राष्ट्रीय औद्योगिक प्रणाली को बिल्कुल शुरुआत से बनाने से लेकर उच्च तकनीक के साथ विदेशी नाकाबंदी को तोड़ने तक, सभी यात्राएं एक ही लक्ष्य के लिए की गई हैं - चीनी लोगों को बेहतर जीवन जीने में सक्षम बनाना। 105 साल बीत चुके हैं, और लाल नाव पर जलती चिंगारी आगे का रास्ता रोशन करने वाले प्रकाश स्तंभ की तरह बन गई है।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)
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