ओ-जोन की कॉलोनियों को बचाने के लिए ‘आप’ का हस्ताक्षर अभियान शुरू, कानून बनाने की मांग

ओ-जोन की कॉलोनियों को बचाने के लिए ‘आप’ का हस्ताक्षर अभियान शुरू, कानून बनाने की मांग

नई दिल्ली, 16 जून (आईएएनएस)। दिल्ली में ओ-जोन क्षेत्र में स्थित कॉलोनियों पर चल रही कार्रवाई और ध्वस्तीकरण की आशंकाओं के बीच आम आदमी पार्टी (आप) ने मंगलवार से बड़ा जन अभियान शुरू कर दिया है। पार्टी ने ओ-जोन में आने वाली कॉलोनियों को संरक्षण दिलाने के लिए हस्ताक्षर अभियान शुरू करने का ऐलान किया है।

पार्टी नेताओं का कहना है कि यह अभियान दिल्ली की जनता के अधिकारों और उनके घरों को बचाने के लिए चलाया जा रहा है। दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने कहा कि आम आदमी पार्टी के विधायक, पार्षद, नेता और कार्यकर्ता ओ-जोन की कॉलोनियों में घर-घर जाकर लोगों से हस्ताक्षर कराएंगे।

इसके बाद इन हस्ताक्षरों को प्रधानमंत्री के पास भेजा जाएगा और संसद में कानून बनाकर ओ-जोन को संरक्षण देने की मांग की जाएगी। सौरभ भारद्वाज ने कहा कि जिस प्रकार दिल्ली स्पेशल प्रोविजंस एक्ट के तहत अनधिकृत कॉलोनियों को कानूनी संरक्षण प्राप्त है, उसी तरह ओ-जोन में स्थित पुरानी कॉलोनियों को भी संरक्षण मिलना चाहिए।

उनका आरोप था कि मौखिक आश्वासन से कोई समाधान नहीं निकल रहा है और लगातार डेमोलिशन की कार्रवाई जारी है। उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि केंद्र सरकार, दिल्ली सरकार, एमसीडी, डीडीए और अन्य एजेंसियां एक ही राजनीतिक दल के नियंत्रण में हैं, लेकिन इसके बावजूद लोगों को राहत नहीं मिल रही है।

भारद्वाज ने दावा किया कि ओ-जोन में कई परिवार पिछले 50 वर्षों से रह रहे हैं, लेकिन अब उन्हें उजड़ने का डर सता रहा है। ‘आप’ के वरिष्ठ और बुराड़ी विधायक संजीव झा ने कहा कि दिल्ली की लगभग 91 कॉलोनियां ओ-जोन विवाद से प्रभावित हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि यदि सरकार की मंशा डेमोलिशन रोकने की होती तो पूर्व में मिले संरक्षण को समाप्त नहीं किया जाता। उनका कहना था कि इस समस्या का स्थायी समाधान केवल संसद से कानून बनाकर ही संभव है। संजीव झा ने कहा कि पार्टी का उद्देश्य जनता की आवाज को देश के प्रधानमंत्री तक पहुंचाना है, ताकि ओ-जोन में रहने वाले लोगों को कानूनी सुरक्षा मिल सके।

उन्होंने कहा कि केवल वादों से काम नहीं चलेगा, बल्कि कानून बनाकर लोगों के घरों को सुरक्षित करना होगा। वहीं, ‘आप’ नेता श्रीचंद वोहरा ने दावा किया कि बदरपुर विधानसभा की 45 कॉलोनियां ओ-जोन से प्रभावित हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्षों से इस मुद्दे पर राजनीति होती रही, लेकिन समाधान के लिए ठोस कदम नहीं उठाए गए।

उन्होंने कहा कि कई ऐसी कॉलोनियां भी ओ-जोन विवाद में शामिल कर दी गई हैं, जो यमुना नदी से कई किलोमीटर दूर स्थित हैं। पार्टी नेताओं ने कहा कि दिल्ली हाई कोर्ट ने ओ-जोन क्षेत्र में बने मकानों के संबंध में 31 दिसंबर 2026 तक का समय दिया है। ऐसे में लोगों के बीच अनिश्चितता और भय का माहौल बना हुआ है।

आम आदमी पार्टी का कहना है कि हस्ताक्षर अभियान के माध्यम से जनता की मांग को संसद तक पहुंचाया जाएगा और ओ-जोन प्रभावित लोगों के लिए स्थायी समाधान की दिशा में प्रयास किया जाएगा।

--आईएएनएस

पीकेटी/एमएस