शिलांग, 17 अगस्त (आईएएनएस)। मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड के. संगमा ने सोमवार को दक्षिण-पश्चिम खासी हिल्स में वेलॉई-मावकिरवाट-रंगथोंग सड़क के 140 करोड़ रुपए के अपग्रेडेशन कार्य की आधारशिला रखी। उन्होंने इसे एक अहम ग्रोथ कॉरिडोर बताया, जिसमें पर्यटन, कृषि, व्यापार और जरूरी सेवाओं तक पहुंच को बढ़ावा देने की क्षमता है।
पूरी तरह से राज्य सरकार के अपने संसाधनों से फंड किए गए इस प्रोजेक्ट का मकसद मेघालय के दूर-दराज के जिलों में कनेक्टिविटी को मजबूत करना और संतुलित क्षेत्रीय विकास को बढ़ावा देना है।
मावकिरवाट में एक सभा को संबोधित करते हुए संगमा ने कहा कि बेहतर सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर का मतलब सिर्फ फिजिकल कनेक्टिविटी नहीं है, बल्कि बेहतर मौके पैदा करना और जीवन की गुणवत्ता में सुधार करना भी है।
उन्होंने कहा कि बेहतर सड़कों से लोगों को हेल्थकेयर, शिक्षा और बाजारों तक आसानी से पहुंच मिलेगी, साथ ही यात्रा का समय और खर्च भी कम होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा, "हमारा विजन हमेशा से साफ रहा है कि कोई भी इलाका या जिला पीछे नहीं छूटना चाहिए। विकास सबसे दूर-दराज के कोनों से शुरू होकर हर गांव तक पहुंचना चाहिए।"
संगमा ने बताया कि 2018 से साउथ वेस्ट खासी हिल्स में 850 करोड़ रुपए से ज्यादा के प्रोजेक्ट लागू किए गए हैं, और कुल कमिटमेंट अब लगभग 990 करोड़ रुपए तक पहुंच गई है, जिसमें सड़कें, पीने का पानी, शिक्षा, हेल्थकेयर और टूरिज्म शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि पिछले आठ सालों में पूरे मेघालय में 3,200 किलोमीटर से ज्यादा सड़कें बनाई गई हैं, जो औसतन लगभग एक किलोमीटर प्रतिदिन है।
उन्होंने कहा कि अपग्रेड की गई वेलॉई-मावकिरवाट-रंगथोंग सड़क समुदायों के बीच कनेक्टिविटी को मजबूत करेगी और स्थानीय आर्थिक गतिविधियों को बड़ा बढ़ावा देगी।
बेहतर सड़क नेटवर्क से कृषि उत्पादों की आवाजाही आसान होने, बाजार तक पहुंच मजबूत होने और किसानों, उद्यमियों तथा टूरिज्म से जुड़े व्यवसायों के लिए नए मौके पैदा होने की उम्मीद है।
संगमा ने कहा, "मेघालय सिर्फ शिलांग तक सीमित नहीं है। हमारी जिम्मेदारी यह सुनिश्चित करना है कि हर ज़िले और हर गांव को समान ध्यान और मौका मिले।"
इस कार्यक्रम में डिप्टी सीएम प्रेस्टोन टिनसोंग, टूरिज्म मिनिस्टर टिमोथी डी. शिरा और विधायक रेनिक्टन लिंगदोह, पीयूष मारवेन, ओलन सिंह सुइन और सेलेस्टीन लिंगदोह मौजूद थे।
--आईएएनएस
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