हैदराबाद, 19 जुलाई (आईएएनएस)। तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने एक बार फिर सभी पार्टी नेताओं से वोटर लिस्ट के चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) पर ध्यान देने को कहा है और चेतावनी दी है कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
रविवार को एसआईआर पर एक वर्चुअल मीटिंग के दौरान उन्होंने नेताओं को एसआईआर प्रक्रिया को मॉनिटर करने के लिए फील्ड पर रहने का निर्देश दिया, ताकि यह पक्का हो सके कि सभी असली वोटरों के वोटिंग अधिकार सुरक्षित रहें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि एसआईआर प्रक्रिया के लिए अपॉइंट किए गए मंत्रियों, विधायकों, इंचार्ज, कॉर्पोरेशन चेयरपर्सन और पार्टी इंचार्ज को फील्ड में जाना चाहिए।
यह कहते हुए कि इंचार्ज मंत्रियों को एसआईआर प्रोसेस को पूरी तरह से सुपरवाइज करना चाहिए, उन्होंने कहा कि आखिरी जिम्मेदारी उन्हीं की है।
उन्होंने कहा कि पीसीसी प्रेसिडेंट महेश गौड़ और डिप्टी चीफ मिनिस्टर भट्टी विक्रमार्क को इंचार्ज मंत्रियों, विधायकों और पार्टी इंचार्ज के बीच कोऑर्डिनेशन में ज्यादा जिम्मेदारी लेनी चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि एसआईआर की डेडलाइन 3 अगस्त तक बढ़ा दी गई है, इसलिए इसे एक मौके की तरह देखा जाना चाहिए।
उन्होंने घोषणा की कि सोमवार को 10 इंचार्ज मंत्री सभी जिलों में एसआईआर पर रिव्यू मीटिंग करेंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सांसदों को रेगुलर रिव्यू करना चाहिए, यहां तक कि पार्लियामेंट सेशन में भी।
उन्होंने कहा कि अगर सांसद उन इलाकों में अपनी ड्यूटी नहीं करते हैं जहां वे इंचार्ज के तौर पर काम कर रहे हैं, तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि पार्टी के लिए एसआईआर इंचार्ज बनाए गए लोगों को लगातार कोऑर्डिनेशन पक्का करना चाहिए।
उन्होंने बताया कि कांग्रेस पार्टी ने 119 चुनाव क्षेत्रों में एसआईआर के बारे में कुल 489 मीटिंग की हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि तुरंत कार्रवाई की जरूरत है, खासकर उन चुनाव क्षेत्रों में जो पीछे हैं।
उन्होंने कहा कि कुछ नेता सिर्फ हैदराबाद में रह रहे हैं और एक्टिवली काम नहीं कर रहे हैं।
सीएम ने पार्टी नेताओं से कहा कि वे चेयरमैन पद या पार्टी पद के लिए गांधी भवन के आसपास न घूमें, और कहा कि ऐसे लोगों को अपॉइंटमेंट नहीं दिए जाएंगे। उन्होंने कहा कि नेताओं को 20 जुलाई से 3 अगस्त तक गांधी भवन नहीं जाना चाहिए।
30 जुलाई को फिर से एक पूरी रिव्यू मीटिंग होगी, जिसमें हर विधानसभा-चुनाव क्षेत्र के आधार पर रिपोर्ट इकट्ठा की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विधायक, चुनाव क्षेत्र के इंचार्ज और चेयरपर्सन को बीएलए (बूथ लेवल एजेंट) की रिपोर्ट की जांच करनी चाहिए, न कि सिर्फ बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) की रिपोर्ट पर निर्भर रहना चाहिए। उन्होंने साफ किया कि अगर सिर्फ बीएलओ रिपोर्ट पर निर्भर रहा तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि नेताओं को पार्टी की तरफ से काम कर रहे बीएलए का अच्छे से इस्तेमाल करना चाहिए। जमीनी स्तर पर मौजूदगी जरूरी है।”
सीएम ने कहा कि अगले दस दिनों में, नेताओं को अपने चुनाव कैंपेन के तहत चुनाव क्षेत्रों का दौरा करना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि गांधी भवन टीम को बीएलए और बीएलओ रिपोर्ट पर लगातार नजर रखनी चाहिए। उन्होंने घोषणा की कि सबसे अच्छा काम करने वाले 100 बीएलए को राहुल गांधी से मिलने और उनके साथ फोटो खिंचवाने का मौका दिया जाएगा।
--आईएएनएस
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