चंडीगढ़, 11 सितंबर (आईएएनएस)। पंजाब के संगरूर में गुलजार सिंह के परिवार से मिलने पहुंचे प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने नशे के मुद्दे पर भगवंत मान सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि पंजाब नशे की दलदल में फंस चुका है और हालात चार गुना बदतर हो गए हैं। वड़िंग ने आरोप लगाया कि परिवार से धोखे से अंतिम संस्कार कराया गया और अगर परिवार पर दबाव देने की कोशिश हुई तो राहुल गांधी खुद संगरूर आएंगे।
पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने कहा, "मामला बहुत गंभीर है। पंजाब नशे से पीड़ित हो चुका है। आज से 5-6 साल पहले राहुल गांधी ने कहा था कि पंजाब नशे की दलदल में फंसता जा रहा है। इन लोगों ने विरोध किया था कि राहुल गांधी ने लोगों को नशेड़ी कह दिया। उन्होंने लोगों को नशेड़ी नहीं कहा था, बल्कि चिंता जाहिर की थी कि पंजाब में नशा बढ़ रहा है।"
उन्होंने आगे कहा कि जिन्होंने सरकार बनाई है, उन्होंने कहा था कि नशे के सौदागरों से बदला लेंगे। फिर उन्होंने नशे के सौदागरों से माफी मांगी। आज हालात बद से बदतर हो गए हैं। पंजाब में नशा चार गुना बढ़ गई है। लोगों के हालात इतने बुरे हैं। गुलजार सिंह तो हरपाल सिंह चीमा से नौकरी मांगने नहीं, अपने बच्चे को मांगने गए थे। वो बच्चा तो नहीं लौटा और गुलजार सिंह भी चले गए। इस पर अगर राहुल गांधी ने एक्स पर पोस्ट कर दिया तो कहते हैं कि कांग्रेस राजनीति कर रही है। अगर आप इसे राजनीति कहते हैं, तो कांग्रेस पार्टी इस तरह की राजनीति करती रहेगी। हम तीन दिन नहीं आए कि परिवार के लोगों को अपने आप फैसला लेने दिया जाए। मैंने सोचा कि अंतिम संस्कार का फैसला परिवार से पूछकर किया गया होगा।
कांग्रेस नेता ने आगे कहा कि किसी ने बताया कि नौकरी दी गई है। मैंने चिट्ठी भी देखी। परिवार वाले कह रहे हैं कि धोखे से अंतिम संस्कार करवाया गया है। मैं आपको ये कहने नहीं आया हूं कि आप ये करो, वो ना करो। हमारा कर्तव्य बनता है कि हम पीड़ित के साथ खड़े रहें। हमने इन्हें वित्तीय सहायता भी दी। बिना पैसे के तो कोई चाय बनाने के लिए चीनी तक नहीं देता। आज पंजाब के जो हालात हैं, वो देखकर शर्म आती है कि हम उस पंजाब के वासी हैं, जो कभी सोने का चिड़िया हुआ करता था और आज ये हाल है।
उन्होंने पंजाब सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि आज नहीं तो कल जूते भी खाने पड़ेंगे। इससे पहले ही पीड़ित परिवार की बात सुनो और जो वो चाहते हैं, वो करो। उन्होंने कहा कि नेताओं को इसलिए अंदर नहीं आने दिया जा रहा है क्योंकि उन्हें लग रहा है कि कुछ गड़बड़ न हो जाए। हमने तो कोई ऐसी बात नहीं की है, बल्कि पीड़ित परिवार से पूछा है कि आप क्या चाहते हैं। अगर वो चाहते हैं तो राहुल गांधी भी वहां आ सकते हैं। अगर कोई इस परिवार को दबाने की कोशिश करेगा, तो अभी तो सिर्फ एक्स पोस्ट किया है, खुद राहुल गांधी भी आ जाएंगे।
--आईएएनएस
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