सिलीगुड़ी, 18 जुलाई (आईएएनएस)। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शनिवार को पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी स्थित जुमागाछ सीमा चौकी (बीओपी) का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के जवानों से मुलाकात की, सीमा सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया और कई आधुनिक सीमा सुरक्षा परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया।
गृह मंत्री अमित शाह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा, "बीएसएफ का शौर्य भारत की सीमाओं का अजेय सुरक्षा कवच है। जुमागाछ सीमा चौकी पर हाई-टी के दौरान बीएसएफ के वीर जवानों से संवाद कर खुशी हुई।"
उन्होंने बताया कि प्रहरी सम्मेलन के दौरान बीएसएफ की विभिन्न परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया गया। साथ ही घुसपैठिया चेतावनी प्रणाली, रेडियो आधारित बाड़ भेदन पहचान प्रणाली, गेट मैनेजमेंट सॉफ्टवेयर और नई डिजाइन की बाड़ पर लगाए गए स्वदेशी बॉर्डर सिक्योरिटी सिस्टम की प्रदर्शनी का अवलोकन कर सीमा पर तैनात जवानों की परिचालन तैयारियों की समीक्षा की।
गृह मंत्री ने कहा कि अत्याधुनिक उपकरणों और आधुनिक अलर्ट सिस्टम से लैस भारत की सीमाएं अब आधुनिक सीमा सुरक्षा का आदर्श उदाहरण बन रही हैं।
उन्होंने सिलीगुड़ी कॉरिडोर का जिक्र करते हुए कहा, "जो सिलीगुड़ी कॉरिडोर पहले की सरकारों के समय घुसपैठ का गलियारा बन गया था, वह अब सुरक्षित सीमा का पर्याय बन रहा है।"
केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने बीएसएफ की उत्तर बंगाल सीमांत की 18वीं वाहिनी के जुमागाछ बीओपी स्थित वॉच टावर से सीमा निगरानी व्यवस्था का भी निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने सीमावर्ती क्षेत्रों में केवल वॉच टावरों की संख्या ही नहीं बढ़ाई है, बल्कि उन्हें अत्याधुनिक तकनीक से भी लैस किया है, जिससे सीमा सुरक्षा पहले की तुलना में अधिक मजबूत और अभेद्य हुई है।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार सीमाओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है और आधुनिक तकनीक के उपयोग के जरिए देश की सीमाओं को और अधिक सुरक्षित बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है।