इंदापुर, 8 अगस्त (आईएएनएस)। महाराष्ट्र में किसानों की आत्महत्या के मुद्दे और सरकार की ओर से किसानों के लिए घोषित कर्जमाफी को लेकर कृषि मंत्री दत्तात्रेय भरणे ने किसानों से खास अपील की। हिंगोली जिले में किसानों की आत्महत्या के मामलों पर चिंता व्यक्त करते हुए उन्होंने किसानों से आत्महत्या जैसा कदम नहीं उठाने की अपील की। मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार किसानों के हित में लगातार फैसले ले रही है और भविष्य में भी किसानों के लिए जरूरी नीतियां और योजनाएं तैयार की जाएंगी।
कृषि मंत्री दत्तात्रेय भरणे ने आईएएनएस से बातचीत में कहा कि राज्य के सभी किसानों और किसान भाइयों से उनकी अपील है कि वे किसी भी परिस्थिति में आत्महत्या न करें। सरकार किसानों के हित को ध्यान में रखते हुए काम कर रही है और किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिए जा रहे हैं। सरकार की कर्जमाफी योजना का उल्लेख करते हुए कृषि मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने किसानों के लिए बड़ा फैसला लिया है। इस निर्णय के तहत करीब 56 लाख किसानों को 40 हजार करोड़ रुपए से अधिक की कर्जमाफी दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य किसानों पर आर्थिक दबाव कम करना और उन्हें राहत देना है। सरकार किसानों की आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाने के लिए आगे भी आवश्यक कदम उठाएगी। भरणे ने कहा कि किसानों के हित में कौन-सी नीतियां बनाई जानी चाहिए और भविष्य में किसानों के लिए किस तरह के फैसले लिए जाने चाहिए, इस पर सरकार लगातार विचार कर रही है। सरकार की कोशिश ऐसी नीतियां तैयार करने की है, जिनसे किसानों को लाभ मिले और उनकी आर्थिक परेशानियां कम हों।
किसानों से अपील करते हुए कृषि मंत्री ने कहा कि मौजूदा परिस्थितियां कितनी भी कठिन क्यों न हों, किसानों को हिम्मत नहीं हारनी चाहिए। भरणे ने भावुक अपील करते हुए कहा कि किसान के बच्चों, बेटियों, बहनों और माता-पिता को उससे बहुत उम्मीदें होती हैं। ऐसे में किसान आत्महत्या का रास्ता न अपनाएं और मुश्किल परिस्थितियों में सरकार की ओर से मिलने वाली सहायता और योजनाओं का लाभ लें। राज्य सरकार किसानों की समस्याओं को गंभीरता से ले रही है और किसानों के हित में आगे भी फैसले किए जाएंगे।