कॉमनवेल्थ गेम्स की ओपनिंग सेरेमनी शानदार रही, रोमांचक प्रतियोगिता की उम्मीद: डॉ. डोनाल्ड रुकारे

कॉमनवेल्थ गेम्स की ओपनिंग सेरेमनी शानदार रही, रोमांचक प्रतियोगिता की उम्मीद: डॉ. डोनाल्ड रुकारे

ग्लासगो, 24 जुलाई (आईएएनएस)। कॉमनवेल्थ स्पोर्ट के अध्यक्ष डॉ. डोनाल्ड रुकारे ने कहा है कि हमें खुशी है कि कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का आगाज हो चुका है। ओपनिंग सेरेमनी शानदार रही। सभी एथलीट बहुत खुश नजर आए।

डॉ. डोनाल्ड रुकारे ने आईएएनएस से बातचीत में कहा, "ओपनिंग सेरेमनी बहुत बढ़िया रही। किंग चार्ल्स तृतीय, प्रधानमंत्री और प्रथम मंत्री उपस्थित थे। सभी एथलीट काफी खुश थे। कार्यक्रम का अनुभव रोमांचक रहा।"

उन्होंने कहा कि हमें बहुत ही सकारात्मक फीडबैक मिल रहा है। हम आने वाले दिनों में शानदार प्रतियोगिता की उम्मीद कर रहे हैं।

भारत के अहमदाबाद में आयोजित होने वाले कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 से जुड़े सवाल पर रुकारे ने कहा कि हम अगले कॉमनवेल्थ के लिए भारत जाने का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन फिलहाल हमारा पूरा फोकस ग्लासगो 2026 पर है।

ग्लासगो 2014 के बाद एक बार फिर (2026) कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी कर रहा है। यह कॉमनवेल्थ गेम्स का 23वां संस्करण है।

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के लिए भारत ने 126 सदस्यीय दल भेजा है। 23 जुलाई से 2 अगस्त तक चलने वाले इस वैश्विक प्रतियोगिता में भारतीय बेहतरीन प्रदर्शन के इरादे से उतरी है। हालांकि, इस संस्करण में ऐसे कई खेलों को शामिल नहीं किया गया है जिनमें भारत को पदक की उम्मीद रहती है। ग्लासगो गेम्स में बैडमिंटन, हॉकी, कुश्ती, शूटिंग, टेबल टेनिस और क्रिकेट को शामिल नहीं किया गया है। ये खेल ऐसे हैं जिनमें भारतीय दल को पदक की प्रबल संभावना रहती है।

ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत को जिन खिलाड़ियों से पदक की उम्मीद है उनमें जैवलीन में नीरज चोपड़ा, मुक्केबाजी में लवलीना बोरगोहेन और वेटलिफ्टिंग में मीराबाई चानू का नाम प्रमुख है। नीरज चोपड़ा और मीराबाई चानू पहले भी कॉमनवेल्थ गेम्स में स्वर्ण पदक जीत चुके हैं।

कॉमनवेल्थ गेम्स के इतिहास पर नजर डालें तो भारत, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड और कनाडा के बाद चौथा सफल देश है। भारत ने बर्मिंघम 2022 तक कुल 564 पदक जीते हैं, जिसमें 203 स्वर्ण, 190 रजत और 171 कांस्य पदक शामिल हैं।

--आईएएनएस

पीएके