जब तक मैं इजरायल का प्रधानमंत्री हूं, ईरान को परमाणु हथियार बनाने नहीं दूंगा : पीएम नेतन्याहू

जब तक मैं इजरायल का प्रधानमंत्री हूं, ईरान को परमाणु हथियार बनाने नहीं दूंगा : पीएम नेतन्याहू

येरूसलम, 12 जून (आईएएनएस)। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने शुक्रवार को कसम खाई कि जब तक वह इजरायल के पीएम हैं, तब तक वह ईरान को परमाणु हथियार नहीं बनाने देंगे। उन्होंने यह भी कहा कि वह और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इस मुद्दे पर पूरी तरह सहमत हैं।

इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "जब तक मैं इजरायल का प्रधानमंत्री हूं, ईरान के पास परमाणु हथियार नहीं होंगे। इस मुद्दे पर मेरे और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच पूरी सहमति है। 30 से ज्यादा सालों से, मैं ईरान के परमाणु कार्यक्रम के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय अभियान में सबसे आगे रहा हूं।"

उन्होंने आगे कहा, "अगर यह कैंपेन नहीं होता, तो ईरान के पास इजरायल को खत्म करने के लिए बहुत पहले ही परमाणु बम होते। ईरान यहूदी देश को खत्म करने की कोशिश कर रहा है और मैं उन्हें ऐसा करने से रोकने के लिए अपनी जिंदगी लगा रहा हूं। जब तक मैं इजरायल का प्रधानमंत्री हूं, ऐसा नहीं होगा।"

नेतन्याहू का यह बयान अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के उस बयान के एक दिन बाद आया है, जिसमें उन्होंने कहा था कि ईरान ने अमेरिका के साथ एक फ्रेमवर्क समझौते को मंजूरी दी है, जो तेहरान को परमाणु हथियार हासिल करने से हमेशा के लिए रोक देगा। इससे उम्मीद है कि कुछ ही दिनों में इस पर औपचारिक तौर पर हस्ताक्षर हो सकते हैं।

व्हाइट हाउस में ट्रंप ने कहा कि बातचीत आखिरी चरण में पहुंच गई है और हफ्तों की लड़ाई के बाद एक बड़ी डिप्लोमैटिक कामयाबी के लिए डॉक्यूमेंट्स तैयार किए जा रहे हैं।

ट्रंप ने कहा, “हमने अभी-अभी ईरान के साथ युद्ध का एक बड़ा समझौता किया है, और हम डॉक्यूमेंट्स को फाइनल करने वाले हैं, जो अगले कुछ दिनों में हो जाना चाहिए। हमारे बीच एक समझौता हुआ है कि ईरान के पास कभी भी परमाणु हथियार नहीं होगा और इसे पाने के लिए हमें जो कुछ भी करना पड़ा, उसका पूरा मकसद यही था।”

अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि समझौता पूरा होने वाला है और बहुत जल्द, शायद हफ्ते के अंत में यूरोप में इस पर हस्ताक्षर हो सकते हैं। जब पूछा गया कि क्या ईरान के सुप्रीम लीडर ने इस अरेंजमेंट को मंजूरी दी है, तो ट्रंप ने जवाब दिया, “मैं समझता हूं कि जवाब हां है।”

ट्रंप ने कहा कि प्रस्तावित समझौता ईरान को किसी भी हालत में परमाणु हथियार हासिल करने या विकसित करने से रोकेगा। वे किसी भी तरह से, किसी भी रूप में, किसी भी तरह से परमाणु हथियार नहीं खरीदेंगे, विकसित नहीं करेंगे। उनके पास परमाणु हथियार नहीं होगा।

अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा, “यह एक बहुत डिटेल्ड एमओयू है, जिस पर कई दूसरे देशों ने भी सहमति जताई है, जिनका उन पर बहुत असर है। इस कामयाबी के बाद उन्होंने इजरायल, कतर, संयुक्त अरब अमीरात, सऊदी अरब, बहरीन और कुवैत के नेताओं से बात की है। हाल के सैन्य दबाव ने तेहरान को यह समझौता मानने के लिए राजी कर लिया है।"

--आईएएनएस

केके/एबीएम