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ईरान के आईआरजीसी की चेतावनी के बाद होर्मुज स्ट्रेट से तीन जहाज लौटे

ईरान

तेहरान, 6 सितंबर (आईएएनएस)। ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) की चेतावनी के बाद होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने की कोशिश कर रहे तीन जहाजों ने अपना रास्ता बदल लिया और वापस लौट गए। इनमें दो तेल टैंकर और एक तरलीकृत प्राकृतिक गैस (एलएनजी) वाहक शामिल है।

ईरान की अर्द्ध-सरकारी समाचार एजेंसी फार्स ने समुद्री ट्रैकिंग डेटा के हवाले से बताया कि लौटने वाले जहाजों में मार्शल आइलैंड्स के झंडे वाला तेल टैंकर वेलोस एंबर, लाइबेरिया के झंडे वाला तेल टैंकर ब्रावो और कतर का मार्शल आइलैंड्स के झंडे वाला एलएनजी टैंकर अल शीहानिया शामिल हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक, आईआरजीसी नौसेना ने इन जहाजों को चेतावनी दी कि होर्मुज स्ट्रेट का दक्षिणी मार्ग बंद है, जिसके बाद तीनों जहाजों ने अपना मार्ग बदल दिया।

यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब ईरान और अमेरिका के बीच समुद्री तनाव लगातार बढ़ रहा है।

इससे पहले रविवार को आईआरजीसी ने दावा किया कि उसकी एयरोस्पेस फोर्स ने अमेरिकी नौसेना के एक विमानवाहक पोत और एक विध्वंसक जहाज पर कई बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया। आईआरजीसी का आरोप है कि अमेरिकी युद्धपोत ईरानी जहाजों को परेशान कर रहे थे और देश के खिलाफ नौसैनिक नाकेबंदी में शामिल थे।

आईआरजीसी ने अपने आधिकारिक बयान में दावा किया कि दोनों अमेरिकी युद्धपोत क्षति पहुंचने के बाद संघर्ष क्षेत्र से हट गए। साथ ही चेतावनी दी कि यदि अमेरिका की "शत्रुतापूर्ण और आक्रामक" कार्रवाई जारी रही तो उसे ईरानी सशस्त्र बलों की "कड़ी प्रतिक्रिया" का सामना करना पड़ेगा।

शनिवार रात आईआरजीसी नौसेना ने यह भी कहा था कि उसने होर्मुज स्ट्रेट में तीन तेल टैंकरों और अन्य क्षेत्रों में अमेरिका से जुड़े तीन जहाजों को निशाना बनाया। ईरान का कहना है कि यह कार्रवाई अमेरिकी हमलों के जवाब में की गई।

वहीं, अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने शनिवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि अमेरिकी बलों ने ईरान के तीन कच्चे तेल ले जा रहे जहाजों पर हमला किया। अमेरिका का दावा है कि यह कार्रवाई आईआरजीसी द्वारा क्षेत्र में गश्त कर रहे अमेरिकी नौसैनिक युद्धपोतों की ओर बैलिस्टिक मिसाइलें दागे जाने के बाद की गई।

--आईएएनएस

डीएससी