नई दिल्ली, 27 जुलाई (आईएएनएस)। मानवीय भावना का परिचय देते हुए दिल्ली के एक ट्रैफिक पुलिस इंस्पेक्टर और उनके साथियों ने सोमवार को व्यस्त आईटीओ चौराहे पर मोटरसाइकिल चलाते समय बेहोश हुए एक वकील को कुछ ही मिनटों के भीतर अस्पताल पहुंचाया।
सेंट्रल रेंज के पुलिस उपायुक्त (ट्रैफिक) ने एक बयान में कहा कि कमला मार्केट ट्रैफिक इंस्पेक्टर गोपाल और उनकी टीम ने वकील नमनीत की मदद की, जिन्हें सुबह लगभग 11:55 बजे चौराहे से गुजरते समय दिल का दौरा पड़ने का संदेह था।
डीसीपी ने बताया कि ए-पॉइंट (आईटीओ) पर ट्रैफिक को नियंत्रित करते समय ट्रैफिक इंस्पेक्टर गोपाल ने देखा कि इंद्रप्रस्थ से ए-पॉइंट या तिलक ब्रिज के पास चौराहे की ओर जाते समय वकील अचानक अपनी मोटरसाइकिल से नियंत्रण खो बैठे और सड़क पर गिर पड़े।
बयान में कहा गया है कि प्रारंभिक जांच से पता चला है कि सवार को सीने में तेज दर्द हुआ था, जो संभवतः भीषण गर्मी के कारण बढ़ गया था।
स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए ट्रैफिक इंस्पेक्टर गोपाल और उनके कर्मचारी तुरंत पीड़ित की सहायता के लिए दौड़े।
बयान में कहा गया कि संदिग्ध का हेलमेट सावधानीपूर्वक हटाया गया और मौके पर ही प्राथमिक उपचार के साथ-साथ सीपीआर दिया गया।
डीसीपी (ट्रैफिक) ने बताया कि हर पल की अहमियत को समझते हुए और इलाके में भारी ट्रैफिक जाम को देखते हुए ट्रैफिक इंस्पेक्टर ने एम्बुलेंस का इंतजार करने के बजाय पीड़ित को अपने सरकारी वाहन से अस्पताल ले जाने का फैसला किया।
उन्होंने बताया कि मोटरसाइकिल सवार को दो मिनट के भीतर लोक नायक जय प्रकाश (एलएनजेपी) अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
उन्होंने बताया कि डॉक्टर आपातकालीन स्थिति के सटीक कारण का पता लगाने के लिए आगे की जांच कर रहे हैं।
डीसीपी (ट्रैफिक) ने कहा कि कमला मार्केट ट्रैफिक स्टाफ की समयबद्ध कार्रवाई और सूझबूझ से पीड़ित को महत्वपूर्ण गोल्डन मिनट्स के दौरान तत्काल चिकित्सा सहायता मिल सकी।
उन्होंने कहा कि यह घटना एक बार फिर इस बात को उजागर करती है कि दिल्ली ट्रैफिक पुलिस कर्मियों को न केवल यातायात व्यवस्था संभालने का दायित्व सौंपा गया है, बल्कि वे आपात स्थितियों में तुरंत प्रतिक्रिया देने और जरूरत पड़ने पर जान बचाने के लिए भी तत्पर रहते हैं।
--आईएएनएस
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