'सिर्फ जेपीएससी नहीं, झारखंड की पिछली परीक्षाओं में भष्टाचार से भी निराश हैं छात्र', रांची प्रोटेस्ट पर बोले जदयू प्रवक्ता

'सिर्फ जेपीएससी नहीं, झारखंड की पिछली परीक्षाओं में भष्टाचार से भी निराश हैं छात्र', रांची प्रोटेस्ट पर बोले जदयू प्रवक्ता

पटना, 6 अगस्त (आईएएनएस)। जनता दल (यूनाइटेड) के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने झारखंड में छात्रों के प्रदर्शन पर कहा है कि झारखंड का आंदोलन सिर्फ जेपीएससी के खिलाफ नहीं है, बल्कि राज्य में हाल के वर्षों में जितनी भी परीक्षाएं हुईं, उनके भ्रष्टाचार के खिलाफ भी प्रदर्शनकारी नाराज हैं। जदयू प्रवक्ता ने कहा कि बगैर समय गंवाए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पूरे रैकेट को नेस्तनाबूद करने का निश्चय करना होगा।

राजीव रंजन प्रसाद ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बात करते हुए कहा, "झारखंड का आंदोलन सिर्फ जेपीएससी के खिलाफ नहीं है। राज्य में हाल के वर्षों में जितनी भी परीक्षाएं हुईं, उनके भ्रष्टाचार के खिलाफ भी प्रदर्शनकारी नाराज हैं। जेपीएससी के खिलाफ बिल्कुल छात्रों का आक्रोश है।

उन्होंने कहा, "झारखंड में नौकरियों की लूट का सिलसिला बदस्तूर जारी है। बगैर समय गंवाए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पूरे रैकेट को नेस्तनाबूद करने का निश्चय करना होगा और छात्रों के साथ अनावश्यक तनाव की प्रवृत्ति से बचना होगा, तभी इस पूरी समस्या का समाधान हो सकता है।"

इस दौरान, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वीडियो पर मेटा की माफी को लेकर जदयू प्रवक्ता ने कहा, "केंद्र सरकार अभी संतुष्ट नहीं है। मेटा के अधिकारियों की फिर से पेशी होगी। यह सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है कि मेटा भारत की सार्वभौमिकता, समप्रभुता और मानवीय मूल्यों का सम्मान करे, अन्यथा उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई करने के लिए सरकार तैयार है।"

केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू की ओर से संसद का विशेष सत्र बुलाए जाने की अटकलें खारिज किए जाने के बाद जदयू प्रवक्ता ने कहा, "संसद को लेकर संसदीय कार्य मंत्री ने अपना जवाब दे दिया है। इससे आधिकारिक बयान और कोई नहीं हो सकता है। महत्वपूर्ण विधेयक लगातार पारित हो रहे हैं। तय लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में संसदीय कार्य मंत्री और सांसदों ने अच्छा कार्य किया है।"

वहीं, पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग के मुख्यमंत्री भगवंत मान के खिलाफ चुनाव लड़ने की घोषणा पर भी जदयू प्रवक्ता ने जवाब दिया। उन्होंने कहा, " अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग को पहले चरणजीत सिंह चन्नी से निपटना होगा। लेकिन कांग्रेस पूरी तरह से बड़े बिखराव की तरफ बढ़ रही है। कभी भी एक पार्टी कई टुकड़ों में विभाजित हो सकती है। चुनाव होने वाले हैं और उसके पहले कांग्रेस खुद रसातल में जाने के लिए बैचेन है। इसके बाद ही साफ होगा कि किसके खिलाफ कौन लड़ेगा।"

उन्होंने दावा किया कि पंजाब में एनडीए की सरकार बनेगी और जनता ने भी यह मन बना लिया है। यह मजबूत, टिकाऊ और विश्वनीय सरकार होगी, जिससे दिल्ली की मदद भी मिले यह सुनिश्चित किया जाएगा।

--आईएएनएस

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