नई दिल्ली, 21 जुलाई (आईएएनएस)। सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की सेहत को लेकर स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की ओर से सोमवार सुबह 9 बजे आठवां हेल्थ बुलेटिन जारी किया गया। बुलेटिन के अनुसार, सोनम वांगचुक का इलाज वर्धमान महावीर मेडिकल कॉलेज एवं सफदरजंग अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में लगातार जारी है। उनके उपचार में वीएमएमसी, सफदरजंग अस्पताल और एम्स, नई दिल्ली के विशेषज्ञों की बहु-विषयक टीम शामिल है।
डॉक्टरों के अनुसार, फिलहाल सोनम वांगचुक के सभी महत्वपूर्ण शारीरिक मानक स्थिर हैं। हालांकि, उनका ब्लड शुगर स्तर अभी भी सामान्य से कम बना हुआ है। वहीं, रविवार रात लिए गए रक्त नमूने की जांच में उनका सीरम पोटैशियम स्तर 3.2 मिलीमोल प्रति लीटर पाया गया है।
बता दें कि रक्त में पोटैशियम का सामान्य स्तर (मानक) वयस्कों के लिए 3.5 से 5.0 मिलीइक्विवेलेंट प्रति लीटर या 3.5 से 5.0 मिलीमोल प्रति लीटर होता है।
हेल्थ बुलेटिन में यह भी बताया गया है कि सोनम वांगचुक को अब भी लगातार पैनसाइटोपीनिया की समस्या बनी हुई है। इस स्थिति में शरीर में एनीमिया के साथ-साथ श्वेत रक्त कोशिकाओं (ल्यूकोसाइट्स) की संख्या भी कम रहती है। डॉक्टरों का कहना है कि इन सभी चिकित्सीय और लैब संबंधी संकेतकों की लगातार जांच और कड़ी निगरानी बेहद जरूरी है।
अस्पताल प्रशासन के अनुसार, फिलहाल उन्हें ओरल रिहाइड्रेशन सॉल्यूशन और पोटैशियम सप्लीमेंट दिए जा रहे हैं। हालांकि, डॉक्टरों की बार-बार सलाह के बावजूद सोनम वांगचुक अब भी इंट्रावेनस (आईवी) फ्लूइड और ग्लूकोज लेने से इनकार कर रहे हैं।
डॉक्टरों ने बताया कि लंबे समय से जारी उपवास के कारण शरीर पर पड़ रहे प्रभाव, हल्के से मध्यम स्तर के डिहाइड्रेशन और लगातार सामने आ रही लैब संबंधी असामान्यताओं को देखते हुए उनकी लगातार चिकित्सकीय निगरानी बेहद आवश्यक है। अस्पताल ने कहा है कि उन्हें सभी जरूरी चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं और उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। आगे का उपचार उनकी चिकित्सकीय प्रगति और लगातार होने वाली लैब जांच की रिपोर्ट के आधार पर तय किया जाएगा।