नई दिल्ली, 17 जुलाई (आईएएनएस)। परिसीमन बिल पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने पीएम नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है। इस पर कांग्रेस सांसद तारिक अनवर ने अपनी प्रतिक्रिया जाहिर की है। साथ ही जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल करने जैसे कई अन्य मामलों पर पलटवार किया है।
पश्चिम बंगाल एसआईआर मामले पर सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी का कांग्रेस सांसद तारिक अनवर ने सराहना की। उन्होंने कहा, "सुप्रीम कोर्ट का फैसला स्वागत योग्य है, क्योंकि इसने एक तरह से एसआईआर प्रक्रिया के दौरान चुनाव आयोग की दलील को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने साफ कर दिया है कि चुनाव आयोग के पास नागरिकता तय करने का अधिकार नहीं है। यही सच्चाई है और संवैधानिक ढांचा भी यही कहता है।"
जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग पर कांग्रेस सांसद तारिक अनवर कहते हैं, "जहां तक पूर्ण राज्य के दर्जे का सवाल है, जब अनुच्छेद 370 हटाया गया और जम्मू-कश्मीर से पूर्ण राज्य का दर्जा छीन लिया गया, तो प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और पूरी सरकार ने वादा किया था कि जल्द ही पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल कर दिया जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया था कि जम्मू-कश्मीर को उसका पूर्ण राज्य का दर्जा वापस मिल जाएगा।"
उन्होंने सरकार की नीयत पर सवाल उठाते हुए कहा कि इतने साल गुजर गए, लेकिन अभी तक इस मुद्दे पर विचार नहीं किया गया। कश्मीर की जनता के अधिकार को छीनने की कोशिश की जा रही है।
परिसीमन बिल को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लिखे पत्र पर कांग्रेस सांसद तारिक अनवर कहते हैं, "अभी कोई फैसला नहीं हुआ है, लेकिन खड़गे जी ने कहा है कि यह बहुत गंभीर मुद्दा है और देश की पूरी चुनावी व्यवस्था से जुड़ा है। ऐसे में अगर सरकार यह बिल लाना चाहती है, तो उसे पहले विपक्ष, विपक्षी नेताओं और राजनीतिक दलों के साथ बातचीत करनी चाहिए।"
उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके के मुताबिक, जब कोई बड़ा संशोधन होता है या कोई बिल पेश किया जाता है तो सरकार विपक्ष को विश्वास में लेती है। कांग्रेस के शासनकाल में यह परंपरा बरकरार रखी गई थी, लेकिन जब से मोदी सरकार आई है तब से इस परंपरा का लगातार उल्लंघन हो रहा है।
कांग्रेस सांसद तारिक अनवर ने कहा, "हमारी पूरी कोशिश यही होगी कि इंडी गठबंधन बना रहे। हमें उम्मीद है कि हमारे साथ जुड़ी सभी पार्टियां कम से कम इस मुद्दे पर हमारे साथ खड़ी होंगी और हम सब मिलकर इसका विरोध करेंगे। सरकार का यह रवैया अलोकतांत्रिक है।"
उन्होंने कहा कि जिस तरीके का परिसीमन असम और कश्मीर में हुआ उसको हम सब ने देखा है। परिसीमन बिल के जरिए केंद्र सरकार आने वाले 20 साल पर पूरी तरह से नियंत्रण करना चाहती है।
कोलकाता एयरपोर्ट मस्जिद विवाद को लेकर कांग्रेस नेता ने कहा कि भारत आस्था का देश है। भारत का हर नागरिक किसी न किसी धर्म से जुड़ा है। अगर मस्जिद को हटाकर किसी दूसरी जगह शिफ्ट करना है तो उस समुदाय को विश्वास में लेना चाहिए।
--आईएएनएस
एएसएच/वीसी






