भोपाल, 29 जुलाई (आईएएनएस)। मध्य प्रदेश में मूंग उत्पादक किसानों की उपज शत प्रतिशत न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदे जाने की मांग को लेकर किसान आंदोलनरत है। राज्य सरकार ने किसानों की मांग पर संवाद करने के लिए मंत्रियों की एक समिति बनाई है।
दरअसल, राज्य में समर्थन मूल्य पर मूंग की खरीदी हो रही है। किसानों का आरोप है कि मूंग खरीदी में लापरवाही और गड़बड़ी हो रही है। परिणामस्वरूप राज्य के अलग-अलग हिस्सों के किसान राजधानी भोपाल की ओर कूच कर गए हैं, कई किसान भोपाल पहुंच भी चुके हैं। किसानों के आंदोलन के चलते कई मार्गों पर बैरिकेट्स लगाकर आवागमन बंद करना पड़ा है, साथ ही परिवर्तित मार्ग का उपयोग करने की सलाह दी जा रही है।
राज्य के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा है कि किसान सरकार की प्राथमिकता है इसीलिए मंत्रियों की समिति बनाई गई है। इस समिति में एदल सिंह कंसाना, कृष्णा गौर, विश्वास सारंग और राकेश सिंह आदि को शामिल किया गया है जो किसानों से सीधे बात करेंगे।
वही, मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि नर्मदापुरम के बरखेड़ा से प्रारंभ हुई किसान क्रांति पैदल यात्रा का भोपाल पहुंचना इस बात का प्रमाण है कि प्रदेश का किसान भाजपा सरकार की नीतियों से गहरे आक्रोश में है। हजारों किसान परिवार अपनी जायज मांगों को लेकर राजधानी की सड़कों पर डटे हुए हैं, लेकिन सरकार उनकी बात सुनने के बजाय मौन धारण किए बैठी है।
जीतू पटवारी ने कहा कि किसान मूंग की 100 प्रतिशत खरीदी, न्यूनतम समर्थन मूल्य की कानूनी गारंटी, खाद की पर्याप्त उपलब्धता, किसानों के हितों की रक्षा तथा केंद्र सरकार द्वारा किए गए वादों को पूरा करने की मांग कर रहे हैं। ये कोई राजनीतिक मांगें नहीं, बल्कि किसानों के जीवन और आजीविका से जुड़े बुनियादी प्रश्न हैं।