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मध्य प्रदेश के गवर्नर ने सिकल सेल बीमारी के लिए स्कूलों में बच्चों की स्क्रीनिंग करने को कहा

मध्य प्रदेश में सिकल सेल बीमारी की स्क्रीनिंग और जागरूकता अभियान को मजबूत करने के लिए गवर्नर के निर्देश।
मध्य

भोपाल, 16 सितंबर (आईएएनएस)। मध्य प्रदेश में सिकल सेल बीमारी के लिए 1.34 करोड़ लोगों की स्क्रीनिंग की गई है। गवर्नर मंगूभाई पटेल ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे प्राइमरी स्कूलों और आंगनवाड़ी केंद्रों में कैंप लगाकर बच्चों की स्क्रीनिंग को ज्यादा प्राथमिकता दें।

पटेल ने बुधवार को लोक भवन में 'नेशनल सिकल सेल एलिमिनेशन मिशन 2047' और 'नेशनल ट्यूबरकुलोसिस एलिमिनेशन प्रोग्राम' की समीक्षा करते हुए यह निर्देश दिया।

गवर्नर ने इस बात पर जोर दिया कि बच्चों की शुरुआती स्क्रीनिंग को और मजबूत किया जाना चाहिए ताकि इस जेनेटिक बीमारी से प्रभावित बच्चों और सिकल सेल ट्रेट वाले बच्चों की पहचान की जा सके और उन्हें सही काउंसलिंग और फॉलो-अप मिल सके।

पटेल ने कहा कि बच्चे देश का भविष्य हैं। उनकी सेहत और विकास को प्राथमिकता दी जानी चाहिए और काम का फोकस अच्छे नतीजे पाने पर होना चाहिए।

उन्होंने सिकल सेल बीमारी और टीबी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों में जन-प्रतिनिधियों की ज्यादा भागीदारी की अपील की।

उन्होंने अधिकारियों को सुझाव दिया कि वे अपने निर्वाचन क्षेत्रों में हेल्थ कैंप आयोजित करने के लिए संसाधन और आर्थिक मदद जुटाने के लिए सांसदों और विधायकों के साथ मिलकर काम करें।

उन्होंने जागरूकता अभियानों में युवाओं को शामिल करने की जरूरत पर भी जोर दिया और अधिकारियों से कहा कि वे यूनिवर्सिटी और कॉलेजों के छात्रों तक पहुंचें और उन्हें 'सिकल मित्र' बनने के लिए प्रोत्साहित करें।

गवर्नर ने कहा कि सिकल सेल बीमारी और टीबी के खिलाफ लड़ाई में जागरूकता सबसे अहम हिस्सा है। समाज में जागरूकता फैलाने में युवाओं को सक्रिय रूप से शामिल होना चाहिए।

मीटिंग में शामिल हुए डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ला ने बताया कि राज्य में जिन लोगों की स्क्रीनिंग की गई, उनमें से 92 प्रतिशत लोगों को जेनेटिक स्टेटस कार्ड दिए जा चुके हैं।

उन्होंने बताया कि जागरूकता अभियान के तहत 4,825 'सिकल मित्र' भी बनाए गए हैं और उनकी संख्या बढ़ाने की कोशिशें जारी हैं।

डिप्टी सीएम शुक्ला ने कहा कि मध्य प्रदेश में टीबी के ठीक होने की दर 89 प्रतिशत तक पहुंच गई है और मृत्यु दर में कमी आई है।

--आईएएनएस

एमएस/