
नई दिल्ली: डीके शिवकुमार बुधवार शाम 4.05 बजे बेंगलुरु के लोक भवन स्थित ग्लास हाउस में कर्नाटक के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेंगे।
भावी मुख्यमंत्री के कार्यालय की ओर से मंगलवार को जारी एक बयान के अनुसार, राज्यपाल थावरचंद गहलोत बुधवार शाम को लोक भवन स्थित 'ग्लास हाउस' में आयोजित होने वाले समारोह में शिवकुमार और नई कैबिनेट के सदस्यों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाएंगे।
इस कार्यक्रम में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, एआईसीसी महासचिव (संगठन) केसी वेणुगोपाल और कर्नाटक के प्रभारी रणदीप सिंह सुरजेवाला सहित कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेताओं के शामिल होने की उम्मीद है।
इस समारोह में विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्षों के अलावा, संसद सदस्य और पार्टी के वरिष्ठ नेता भी शामिल होंगे।
एक अहम कदम के तहत, मेहमानों की लिस्ट में समाज के अलग-अलग तबकों के प्रतिनिधि शामिल हैं। अलग-अलग धर्मों का प्रतिनिधित्व करने वाले धार्मिक नेताओं के साथ-साथ, कनकपुरा के डोड्डलाहल्ली में स्थित सरकारी स्कूल के छात्रों को भी आमंत्रित किया गया है।
इस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए दिहाड़ी मजदूरों, सफाई कर्मचारियों, किसान नेताओं, दलित संगठनों के प्रतिनिधियों, पिछड़े वर्ग के संगठनों के नेताओं, महिला स्वयं-सहायता समूहों, महिला नेताओं और युवा नेताओं को भी आमंत्रित किया गया है। इसके अलावा, आमंत्रित लोगों में मीडिया, फिल्म जगत, न्यायपालिका, खेल जगत, रंगमंच से जुड़े लोग, लेखक, कलाकार, उद्योगपति, कारोबारी नेता और होटल उद्योग के प्रतिनिधि भी शामिल हैं।
आमंत्रण सूची को, जिसमें समाज के विभिन्न वर्गों को शामिल किया गया है, नई सरकार की समावेशी शासन और समाज के विभिन्न वर्गों के साथ जुड़ाव की प्रतिबद्धता को रेखांकित करने के एक प्रयास के तौर पर देखा जा रहा है। यह सब ऐसे समय हो रहा है जब डीके शिवकुमार कर्नाटक के मुख्यमंत्री के तौर पर पदभार संभालने की तैयारी कर रहे हैं।
इससे पहले मंगलवार को शिवकुमार ने कहा कि उनके नेतृत्व में प्रदेश में 'युवाओं के लिए एक नए युग' की शुरुआत होगी। हालांकि, उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि आगे आने वाली जिम्मेदारियां आसान नहीं होंगी। उन्होंने शीर्ष पद पर अपनी नियुक्ति को कांग्रेस कार्यकर्ताओं की जीत बताया और कर्नाटक की जनता के लिए पूरी लगन से काम करने का संकल्प लिया।
उन्होंने कहा कि पार्टी ने एक कार्यकर्ता को मौका दिया है, किसी नेता को नहीं। मुझ पर जो भरोसा और विश्वास जताया गया है, उसके लिए मैं तहे दिल से शुक्रगुजार हूं। मुझे पता है कि आगे का रास्ता आसान नहीं होगा और मुश्किल दौर भी आएंगे, लेकिन मुझे उनका सामना करते हुए कड़ी मेहनत जारी रखनी है।
शिवकुमार ने कहा कि कर्नाटक की जनता ने उन पर भरोसा जताया है और वह पूरी ईमानदारी और लगन के साथ अपनी जिम्मेदारियों को निभाने की पूरी कोशिश करेंगे। उन्होंने कहा कि दुनिया ने बेंगलुरु के जरिए ही भारत को देखा है। कर्नाटक एक बहुत ही अहम राज्य है और मैं जहां भी जाता हूं लोग मुझे बताते हैं कि यह कितना महत्वपूर्ण है। इसलिए, मुझे समाज के हर तबके को अपने साथ लेकर चलना होगा।
समावेशी शासन पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि उनकी सरकार किसानों, महिलाओं, युवाओं और समाज के सभी वर्गों के लिए काम करेगी। उन्होंने कहा कि मैं समाज के हर तबके को साथ लेकर चलूंगा। कर्नाटक में युवाओं के लिए एक नए युग की शुरुआत होगी।
अपनी राजनीतिक यात्रा पर बात करते हुए शिवकुमार ने मुख्यमंत्री के पद तक पहुंचने को अपनी लगन और कड़ी मेहनत का नतीजा बताया। उन्होंने कहा कि यह एक मुश्किल सफर रहा है। भले ही इसमें देर हुई हो, लेकिन इसे नकारा नहीं गया। यह सिर्फ शिवकुमार की बात नहीं है, यह कांग्रेस के हर उस कार्यकर्ता की बात है जो पार्टी के साथ खड़ा रहा और उसके लोकतांत्रिक मूल्यों में विश्वास रखता था।
--आईएएनएस
पीएसके
