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ब्रिक्स समिट भारत में तीसरी बार, इसे महत्वपूर्ण बनाना जरूरी : सलमान खुर्शीद

भारत-चीन संबंधों पर सलमान खुर्शीद की टिप्पणी, ब्रिक्स शिखर सम्मेलन का महत्व
ब्रिक्स

नई दिल्ली, 11 सितंबर (आईएएनएस)। कांग्रेस नेता और पूर्व विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद ने शुक्रवार को कहा कि भारत को ब्रिक्स समिट का इस्तेमाल ऐसी लीडरशिप दिखाने के लिए करना चाहिए, जिसकी दुनिया उससे उम्मीद करती है।

आईएएनएस से ​​बात करते हुए खुर्शीद ने कहा, "ब्रिक्स का यहां होना कोई बड़ी बात नहीं है क्योंकि यह पहली बार नहीं है। इस सरकार के कार्यकाल में यह समिट तीसरी बार हो रही है। ऐसा इसलिए है क्योंकि प्रेसिडेंसी एक देश से दूसरे देश को सौंपी जाती है। हमें इस बात पर ध्यान देना चाहिए कि इसे कैसे महत्वपूर्ण बनाया जाए।"

इस बात पर जोर देते हुए कि दुनिया को भारत से बहुत उम्मीदें हैं, कांग्रेस नेता ने पूछा: "क्या भारत उन उम्मीदों पर खरा उतर पा रहा है? या भारत की अपनी समस्याएं और चिंताएं हैं, जिनकी वजह से हम दुनिया के मंच पर वह नहीं कर पा रहे हैं जो हम कर सकते हैं और जो हमें करना चाहिए?"

इसके अलावा, उन्होंने कहा कि पश्चिम एशिया के संघर्ष को सुलझाने में भारत के संभावित योगदान को लेकर दुनिया को बहुत उम्मीदें हैं।

उन्होंने कहा, "आज, जब हमें एक ऐसा मंच मिला है जिसकी अध्यक्षता हम कर रहे हैं, तो हमारी तरफ से अपेक्षित लीडरशिप दिखाना बहुत महत्वपूर्ण होगा। अब, हम इसमें किस हद तक सफल होते हैं, इस पर समिट खत्म होने के बाद चर्चा की जाएगी।"

चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग की भारत यात्रा के बारे में खुर्शीद ने कहा, "उनका आना महत्वपूर्ण है क्योंकि जब दो देशों के बीच दूरी बन जाती है, तो किसी भी मुद्दे या मौके पर आमने-सामने की सीधी बातचीत या उनके बीच किसी तरह के संबंध बनाने की संभावना मुश्किल हो जाती है।"

उन्होंने दावा किया, "हमने अपने देश में जिस मुद्दे को उठाया है, वह यह है कि भारत और चीन के बीच जैसे संबंध होने चाहिए थे, वैसे नहीं हैं और इसका नुकसान हमें ही हो रहा है क्योंकि चीन की तरफ से हुई परेशानियों का सरकार ने कभी खुलासा नहीं किया है।"

पूर्व विदेश मंत्री ने भारत सरकार से चीन के साथ बातचीत करने का आग्रह करते हुए कहा, "एक बार जब यह पूरी हो जाए, तो सरकार को निश्चित रूप से हमें उन चर्चाओं के बारे में बताना चाहिए जो हुईं।"

--आईएएनएस

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