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बंगाल के सोनारपुर में फर्जी डॉक्टर गिरफ्तार, पुलिस जांच शुरू

बंगाल के सोनारपुर में फर्जी डॉक्टर गिरफ्तार, पुलिस जांच शुरू।
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कोलकाता, 15 सितंबर (आईएएनएस)। पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के सोनारपुर इलाके में एक फर्जी डॉक्टर के चैंबर पर छापेमारी के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।

इसको लेकर एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने मंगलवार को बताया कि सोमवार रात विश्वरूप आचार्य को गिरफ्तार किया गया। पुलिस की नजर उन पर तब पड़ी जब उनकी डिग्रियों में गड़बड़ियां पाई गईं। वह नकली एमबीबीएस और एफआरसीएस डिग्रियों का इस्तेमाल कर रहे थे।

पुलिस के मुताबिक, आचार्य खुद को ऑन्कोलॉजिस्ट बताते थे और मरीजों से हर विजिट के लिए 800 रुपए लेते थे। बताया जाता है कि आचार्य आठ जगहों पर प्रैक्टिस कर रहे थे और उन्होंने सोनारपुर के घसियारा इलाके में एक घर में नया क्लिनिक खोला था। हालांकि, घर के मालिक को उनकी गतिविधियों पर शक हुआ और उन्होंने पुलिस से संपर्क किया।

इसके बाद पुलिस ने एक नकली मरीज को भेजकर सोमवार रात उनके क्लिनिक पर छापा मारा। शुरुआती जांच में आरोपी की पहचान और डिग्री में कई गड़बड़ियां पाई गईं और उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।

आरोप है कि आचार्य लंबे समय से डॉक्टर बनकर प्रैक्टिस कर रहे थे। मंगलवार को उन्हें बारुईपुर सब-डिविजनल कोर्ट में पेश किया गया। वहीं, पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि वह इतने लंबे समय से लोगों का इलाज कैसे कर रहे थे और उन्होंने जो नकली दस्तावेज और डिग्रियां इस्तेमाल कीं, वे कहां से आईं।

पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, "अधिकारी मरीज बनकर विश्वरूप के क्लिनिक गए। एक-दो बातचीत में ही साफ हो गया कि वह नकली डॉक्टर हैं। उनकी सभी डिग्रियां नकली थीं। उन्हें तुरंत गिरफ्तार कर लिया गया। इस बात का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है कि उन्हें ये नकली डिग्रियां कहां से मिलीं और क्या इसमें कोई बड़ा आपराधिक गिरोह शामिल है।"

--आईएएनएस

डीके/डीकेपी