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बाबर-औरंगजेब में विश्वास रखने वाले आपकी आस्था का सम्मान नहीं कर सकते : सीएम योगी

बाबर-औरंगजेब

मथुरा, 4 सितंबर (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर शुक्रवार को विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि जिन लोगों की आस्था बाबर और औरंगजेब में है, वे सनातन और देश की आस्था का सम्मान नहीं कर सकते। उन्होंने कहा कि ऐसे लोग समाज में जहर घोलने और युवाओं, बहन-बेटियों, किसानों तथा उद्यमियों के हितों को नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर सकते हैं, लेकिन डबल इंजन की सरकार उनके मंसूबों को कभी सफल नहीं होने देगी।

सीएम योगी ने श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर पहुंचकर भगवान श्रीकृष्ण की पूजा-अर्चना की और प्रदेशवासियों को जन्माष्टमी की शुभकामनाएं दीं। करीब 30 मिनट तक जन्मस्थान परिसर में रहने के दौरान उन्होंने श्रद्धालुओं पर पुष्प वर्षा भी की।

श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए सीएम योगी ने कहा कि यह सरकार श्रीकृष्ण कन्हैया, प्रभु श्रीराम, बाबा विश्वनाथ और मां विंध्यवासिनी में आस्था रखती है, लेकिन जिनकी आस्था बाबर और औरंगजेब में होगी, क्या वे आपकी आस्था का सम्मान कर पाएंगे? उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों की आदत समाज में विष घोलने की रही है, जिससे समाज विरोधी और राष्ट्र विरोधी तत्वों के हौसले बढ़ सकें। ऐसे तत्व युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने, बहन-बेटियों की सुरक्षा में सेंध लगाने, किसानों की खुशहाली पर डकैती डालने और कारीगरों एवं हस्तशिल्पियों को फिर से लाचार बनाने का प्रयास कर सकते हैं।

उन्होंने कहा कि डबल इंजन की सरकार उनके इन मंसूबों पर पानी फेर देगी और उन्हें कभी सफल नहीं होने देगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या में करीब 500 वर्ष पहले विदेशी आक्रांता ने हमारी आस्था को समाप्त करने का प्रयास किया था। जो लोग स्वयं को अविजित मानते थे, वे आज समाप्त हो चुके हैं। सनातन की आस्था को मिटाने का अनेक बार प्रयास हुआ, लेकिन कोई इसे समाप्त नहीं कर पाया। जिन्होंने ऐसा दुस्साहस किया, वे स्वयं मिट्टी में मिल गए और आज उनका नाम लेने वाला भी कोई नहीं है।

सीएम योगी ने आगे कहा कि भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर कुछ लोगों को अच्छा नहीं लग रहा है और ऐसे लोग अयोध्या को बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं। सरकार का प्रयास है कि अयोध्या और काशी की तरह मथुरा-वृंदावन में भी भव्य परिसर विकसित हो और पूरे ब्रज क्षेत्र का विकास लोगों की भावनाओं के अनुरूप किया जाए। उन्होंने कहा, "मथुरा हो, नंदगांव हो, बरसाना हो, गोवर्धन हो या वृंदावन, पूरा ब्रज आपकी भावनाओं के अनुरूप विकसित होगा। इसमें कोई कोर-कसर नहीं छोड़ी जाएगी।"

उन्होंने कहा कि इस संबंध में बैठक कर अधिकारियों के सामने भी सरकार की प्राथमिकता स्पष्ट की जा चुकी है। मुख्यमंत्री ने पिछली सरकारों पर भी निशाना साधते हुए कहा कि पहले की सरकारों को अपने वोट बैंक की चिंता रहती थी। वे ब्रज में आने से डरते थे कि कहीं उनका वोट बैंक न खिसक जाए। उन्होंने कहा कि यही कारण था कि उनके शासनकाल में जवाहरबाग जैसी घटनाएं हुईं, जबकि अब ब्रज में ऐसे कांड नहीं बल्कि रंगोत्सव और ब्रजराज उत्सव होते हैं।

उन्होंने कहा कि हर जन्माष्टमी पर मथुरा आकर ब्रजवासियों को सम्मान देना उनके लिए सौभाग्य की बात है। भगवान श्रीकृष्ण का संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक है, कर्तव्य के पथ पर चलते हुए देश, सनातन और मानवता के लिए काम करना।

सीएम योगी ने कहा कि करीब 5,200 वर्ष पहले भगवान श्रीकृष्ण ने इसी पावन भूमि पर प्रकट होकर धर्म, सत्य और न्याय की स्थापना का संदेश दिया था। भारत ने अनेक आक्रमणों और चुनौतियों का सामना किया, लेकिन सनातन की आस्था को कोई समाप्त नहीं कर सका। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में विरासत और विकास का अद्भुत समन्वय दिखाई दे रहा है। सरकार का प्रयास है कि आस्था के प्रमुख केंद्रों को भव्य स्वरूप देने के साथ ही विकास की गति को भी आगे बढ़ाया जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि योगमाया के प्रति आस्था के कारण विंध्यवासिनी धाम को भव्य परिसर मिला है और इसी तरह ब्रजभूमि के विकास के लिए भी सरकार प्रतिबद्ध है। श्रीकृष्ण और राधारानी की स्मृति पूरे देश के लिए प्रेरणा का स्रोत है और उनकी शिक्षाएं आज भी समाज को कर्तव्य, सत्य और न्याय के मार्ग पर आगे बढ़ने की प्रेरणा देती हैं।

--आईएएनएस

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