हैदराबाद, 9 जुलाई (आईएएनएस)। भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के अध्यक्ष के. चंद्रशेखर राव (केसीआर) ने पार्टी संगठन में बड़ा बदलाव करते हुए राज्यसभा सदस्य वद्दीराजू रविचंद्र को बीआरएस संसदीय दल का नेता नियुक्त किया है। इसके साथ ही उन्हें राज्यसभा में बीआरएस का नेता भी बनाया गया है।
अब तक वद्दीराजू रविचंद्र संसदीय दल के उपनेता के रूप में जिम्मेदारी निभा रहे थे। पार्टी की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, बीआरएस अध्यक्ष केसीआर ने उनकी संगठन के प्रति सेवाओं और पिछड़ा वर्ग (बीसी) तथा बहुजन समाज के लिए किए गए कार्यों को देखते हुए उन्हें यह महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी है।
बीआरएस ने बताया कि केसीआर ने वद्दीराजू रविचंद्र को दूसरी बार राज्यसभा भेजकर उन पर भरोसा जताया है। इससे पहले राज्यसभा सदस्य डॉ. बांदा प्रकाश मुदिराज के विधान परिषद में जाने के बाद केसीआर ने वद्दीराजू रविचंद्र को उस सीट के लिए चुना था। बाद में केसीआर के समर्थन से वह दूसरी बार भी राज्यसभा के लिए निर्वाचित हुए।
वर्तमान में बीआरएस के चार राज्यसभा सदस्य हैं। इनमें के.आर. सुरेश रेड्डी, दिवाकोंडा दामोदर राव, डॉ. बांदा पार्थसारथी रेड्डी, और वद्दीराजू रविचंद्र शामिल हैं। हाल ही में संसदीय दल के नेता केआर सुरेश रेड्डी के कार्यकाल समाप्त होने के बाद केसीआर ने रविचंद्र को यह जिम्मेदारी सौंपी है। उनका राज्यसभा कार्यकाल अप्रैल 2030 तक है।
रविचंद्र इस समय संसद की पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस संबंधी स्थायी समिति के सदस्य हैं। इसके अलावा वह कोयला और खान मंत्रालय की परामर्शदात्री समिति में भी सदस्य के रूप में अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं।
नई जिम्मेदारी मिलने पर वद्दीराजू रविचंद्र ने केसीआर और बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामाराव (केटीआर) का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि एक पिछड़े समुदाय के व्यक्ति के रूप में उन्हें न केवल दो बार राज्यसभा भेजा गया बल्कि अब संसदीय दल का नेता भी बनाया गया है, जो उनके लिए सम्मान की बात है।
उन्होंने कहा कि वह इस जिम्मेदारी को पूरी निष्ठा से निभाएंगे, संसद में तेलंगाना के लोगों की आवाज मजबूती से उठाएंगे, पार्टी को और मजबूत बनाने के लिए काम करेंगे और केसीआर को तीसरी बार मुख्यमंत्री बनाने के लक्ष्य के लिए पूरी मेहनत करेंगे।