अकाल तख्त से जुड़े विवाद पर घिरे भगवंत मान, रोहन गुप्ता बोले-सीएम इस्तीफा देकर पंजाब की जनता से माफी मांगें

अकाल तख्त से जुड़े विवाद पर घिरे भगवंत मान, रोहन गुप्ता बोले-सीएम इस्तीफा देकर पंजाब की जनता से माफी मांगें

अहमदाबाद, 25 जून (आईएएनएस)। भाजपा नेता रोहन गुप्ता ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान से जुड़े वीडियो विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि जहां-जहां आम आदमी पार्टी की सरकार है, वहां निम्न स्तर की राजनीति करके मुख्यमंत्री पद की गरिमा को ठेस पहुंचाई गई है। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार का वीडियो सामने आया है और जिस तरह से अकाल तख्त ने उन्हें दो बार तलब किया, वह बेहद गंभीर मामला है।

रोहन गुप्ता ने कहा कि अकाल तख्त ने उनसे संबंधित लैब का नाम बताने को कहा था, लेकिन वे ऐसा नहीं कर पाए। अब जो खबरें सामने आ रही हैं कि किसी लैब में रिपोर्ट बदलवाने का प्रयास किया गया, वह और भी चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को तत्काल इस्तीफा देना चाहिए और पंजाब की जनता से माफी मांगनी चाहिए। यह कोई छोटा मुद्दा नहीं है। जब धर्म के अपमान की बात आती है, तब वोट बैंक की राजनीति नहीं की जा सकती। उन्होंने आरोप लगाया कि इतने सबूत सामने आने और मुख्यमंत्री पद की गरिमा को ठेस पहुंचाने के बावजूद भगवंत मान अपने पद पर बने हुए हैं, जो दुर्भाग्यपूर्ण है।

नीट परीक्षा को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा कैबिनेट बैठक में सफल आयोजन की सराहना किए जाने पर रोहन गुप्ता ने कहा कि सरकार ने पूरी संवेदनशीलता के साथ काम किया। उन्होंने कहा कि जो भी चुनौतियां सामने आईं, उनके बाद सरकार और संबंधित मंत्रालयों ने आवश्यक कदम उठाए और यह सुनिश्चित किया कि नीट परीक्षा सुचारू रूप से संपन्न हो। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष इस मुद्दे पर राजनीति कर रहा था, लेकिन परीक्षा के सफल आयोजन ने उसकी राजनीति की पोल खोल दी।

राहुल गांधी द्वारा भाजपा सरकार में रुपए के कमजोर होने और महंगाई बढ़ने को लेकर दिए जा रहे बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए रोहन गुप्ता ने कहा कि उनकी "सुनामी" केवल उनके भाषणों में दिखाई देती है, जमीन पर नहीं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी बार-बार जनता में डर और भ्रम पैदा करने की कोशिश करते हैं, लेकिन अब उनका यह प्रयास विफल हो चुका है।

रोहन गुप्ता ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में कमी आई है और सरकार ने इसका लाभ जनता तक पहुंचाने का प्रयास किया है। उन्होंने दावा किया कि महंगाई नियंत्रण में है, निर्यात रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच चुका है और भारत का व्यापार लगातार बढ़ रहा है। जीडीपी के आंकड़े भी सकारात्मक हैं और अर्थव्यवस्था मजबूत स्थिति में है। उन्होंने कहा कि जब सरकार हर मोर्चे पर बेहतर प्रदर्शन कर रही है, तब राहुल गांधी की कथित "सुनामी" कहीं दिखाई नहीं देती।

उनके मुताबिक, असली संकट विपक्ष के भीतर है, जो यह स्वीकार नहीं कर पा रहा कि प्रतिकूल परिस्थितियों के बावजूद एनडीए और मोदी सरकार लगातार काम कर रही है। उन्होंने राहुल गांधी को सलाह दी कि वे पहले उन राज्यों की स्थिति पर ध्यान दें, जहां उनकी पार्टी या सहयोगी दल सत्ता में हैं और वहां बेहतर प्रदर्शन करके दिखाएं। रोहन गुप्ता ने कहा कि लगातार गलत साबित हो रही भविष्यवाणियों के बाद नेता प्रतिपक्ष को ऐसी बयानबाजी से बचना चाहिए।

इस बीच एनसीईआरटी द्वारा कक्षा 9 की पाठ्यपुस्तक में 'आपातकाल' पर एक अध्याय शामिल किए जाने पर रोहन गुप्ता ने कहा, "मेरा मानना ​​है कि छात्रों को यह जानने का अधिकार है कि इतिहास में क्या हुआ था। देश को पता होना चाहिए कि असल में क्या हुआ था। कांग्रेस को उस तरीके के लिए माफी भी मांगनी चाहिए जिससे लोकतंत्र को नुकसान पहुंचाया गया था। यह देश के लोकतंत्र पर एक काला धब्बा था। आज जो लोग संविधान की प्रति लेकर राजनीति करते हैं, उन्हें अपना काला इतिहास भी जानना चाहिए। सच लोगों के सामने आना चाहिए।"

हरियाणा भाजपा की प्रदेश अध्यक्ष अर्चना गुप्ता ने भी इस कदम की सरहाना करते हुए पीएम मोदी का आभार व्यक्त किया। वहीं, मंत्री अरविंद कुमार शर्मा ने कहा, "इस काले अध्याय को एनसीईआरटी की पाठ्यपुस्तकों में शामिल किया जाएगा ताकि आने वाली पीढ़ियां यह जान सकें कि 1975 में लोकतंत्र का गला कैसे घोंटा गया था।"

--आईएएनएस

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