नीट पेपर लीक पर बोले हुसैन दलवाई, बड़ी घटनाओं के बाद जिम्मेदारी लेते हुए दिया जाता है इस्तीफा

कांग्रेस नेता बोले- बड़ी घटनाओं पर जिम्मेदारी तय होना लोकतंत्र की परंपरा
नीट पेपर लीक पर बोले हुसैन दलवाई, बड़ी घटनाओं के बाद जिम्मेदारी लेते हुए दिया जाता है इस्तीफा

मुंबई: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हुसैन दलवाई ने सुप्रीम कोर्ट में जजों की संख्या बढ़ाने, नीट पेपर लीक मामले समेत कई मुद्दों पर अपनी प्रतिक्रिया दी।

राहुल गांधी द्वारा नीट पेपर लीक मामले में 'जिम्मेदारी तय करने' को लेकर दिए गए बयान का समर्थन करते हुए हुसैन दलवाई ने आईएएनएस से कहा कि देश की राजनीतिक परंपरा रही है कि बड़ी घटनाओं के बाद जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा दिया जाता है।

उन्होंने कहा, "रेलवे दुर्घटना होती थी तो रेल मंत्री इस्तीफा देते थे। हमारे यहां बम धमाके हुए थे, तब नेताओं ने जिम्मेदारी स्वीकार की थी। महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री विलासराव देशमुख ने भी इस्तीफा दिया था। यह लोकतंत्र की परंपरा है।"

कांग्रेस नेता ने कहा कि अगर इतनी बड़ी घटनाओं के बाद कोई जिम्मेदारी नहीं लेगा, तो व्यवस्था कैसे सुधरेगी। जवाबदेही तय होने से आने वाले मंत्री और प्रशासन अधिक जिम्मेदारी से काम करेंगे।

रविवार को जेईई एडवांस्ड 2026 परीक्षा जारी है, इस पर दलवाई ने कहा कि छात्रों के मन में स्वाभाविक रूप से डर है। उन्होंने कहा, "बच्चे दिन-रात मेहनत करते हैं लेकिन जब पेपर लीक की खबरें आती हैं तो उन्हें लगता है कि उनकी मेहनत कहीं बेकार न चली जाए। जिन लोगों को पहले से पेपर मिल जाता है, उन्हें अनुचित फायदा मिलता है और इससे ईमानदारी से पढ़ने वाले छात्रों का मनोबल टूटता है।"

पाकिस्तान और आतंकवाद के मुद्दे पर सेना प्रमुख की चेतावनी को लेकर उन्होंने कहा कि पाकिस्तान द्वारा आतंकवाद को समर्थन देना गलत है और उसके खिलाफ सख्त रुख जरूरी है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह के राजनीतिक संदेश प्रधानमंत्री या सरकार की ओर से आने चाहिए, न कि सेना प्रमुख की ओर से।

दलवाई ने कहा, "हमारी परंपरा रही है कि सरकार बयान देती है, सेना नहीं। पाकिस्तान में भले सेना राजनीति में दखल देती हो लेकिन भारत की लोकतांत्रिक व्यवस्था अलग है।"

पश्चिम बंगाल की राजनीति पर बोलते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि भाजपा लगातार पूर्व सीएम ममता बनर्जी पर सरकार पर दबाव बनाने की कोशिश कर रही है। अब जब भाजपा सत्ता में आ गई है तो उसे लोगों को राहत देने और विकास पर ध्यान देना चाहिए, न कि राजनीतिक प्रतिशोध पर।

उन्होंने कहा कि भाजपा को ममता बनर्जी से डर लगता है क्योंकि वह मजबूत नेता हैं।

--आईएएनएस

वीकेयू/पीएम

 

Related posts

Loading...

More from author

Loading...