हिंद-प्रशांत में रणनीतिक साझेदारी, भारत-ऑस्ट्रेलिया रक्षा मंत्रियों की अहम बैठक

नई दिल्ली, 31 मई (आईएएनएस)। भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच तेजी से मजबूत हो रहे रक्षा संबंधों को नई ऊंचाई देने के लिए नई दिल्ली में एक महत्वपूर्ण बैठक होने जा रही है। ऑस्ट्रेलिया के उप प्रधानमंत्री एवं रक्षा मंत्री रिचर्ड मार्ल्स इस बैठक में शामिल होंगे। 1 जून रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और ऑस्ट्रेलिया के उप प्रधानमंत्री रिचर्ड मार्ल्स ‘दूसरे भारत-ऑस्ट्रेलिया रक्षा मंत्रियों के संवाद’ की संयुक्त अध्यक्षता करेंगे।

गौरतलब है कि यह महत्वपूर्ण बैठक ऐसे समय में हो रही है जब हिंद-प्रशांत क्षेत्र वैश्विक रणनीतिक चर्चाओं का केंद्र बना हुआ है। दोनों देशों के बीच होने वाली यह वार्ता केवल औपचारिक मुलाकात नहीं, बल्कि भविष्य की रक्षा साझेदारी की दिशा तय करने वाली अहम कड़ी मानी जा रही है।

रक्षा मंत्रालय के मुताबिक इस बैठक में रक्षा और सुरक्षा सहयोग को और मजबूत बनाने, दोनों सेनाओं के बीच तालमेल बढ़ाने, संयुक्त सैन्य अभ्यासों को नई गति देने तथा रक्षा उद्योग में सहयोग के अवसरों पर विस्तार से चर्चा होगी। खास तौर पर रक्षा उपकरणों के सह-विकास और सह-उत्पादन की संभावनाओं पर भी विचार किया जाएगा, जिससे दोनों देशों की रक्षा क्षमताओं को मजबूती मिल सके। क्षेत्रीय और वैश्विक सुरक्षा चुनौतियों पर भी दोनों नेता विचार-विमर्श करेंगे। हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शांति, स्थिरता और मुक्त नौवहन सुनिश्चित करने के लिए साझा रणनीति पर चर्चा इस संवाद का महत्वपूर्ण हिस्सा होगी।

रिचर्ड मार्ल्स की यह यात्रा अक्टूबर 2025 में ऑस्ट्रेलिया में आयोजित पहले रक्षा मंत्रियों के संवाद के बाद हो रही है। इसे भारत-ऑस्ट्रेलिया व्यापक रणनीतिक साझेदारी के लगातार मजबूत होते स्वरूप का प्रमाण माना जा रहा है। रक्षा मंत्रालय का मानना है कि भारत की मुक्त, खुले और समावेशी हिंद-प्रशांत की सोच में ऑस्ट्रेलिया एक महत्वपूर्ण साझेदार है। ऐसे में नई दिल्ली में होने वाली यह बैठक केवल द्विपक्षीय संबंधों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि पूरे हिंद-प्रशांत क्षेत्र की सुरक्षा और स्थिरता के लिए भी महत्वपूर्ण संदेश दे सकती है। वहीं भारत और अमेरिका के बीच रक्षा एवं रणनीतिक सहयोग को और मजबूत बनाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है।

रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह ने अमेरिकी प्रतिनिधि सभा की सशस्त्र सेवा समिति के सदस्य पैट हैरिगन के नेतृत्व में भारत आए अमेरिकी संसदीय प्रतिनिधिमंडल (कोडेल) के साथ विस्तृत और सार्थक चर्चा की। बैठक के दौरान दोनों पक्षों ने भारत-अमेरिका रक्षा साझेदारी की प्रगति की समीक्षा की और क्षेत्रीय सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर विचार-विमर्श किया। इसके साथ ही रक्षा सहयोग के दायरे को और व्यापक बनाने तथा साझा रणनीतिक हितों को आगे बढ़ाने पर भी चर्चा हुई।

वार्ता में हिंद-प्रशांत क्षेत्र की बदलती सुरक्षा चुनौतियों, समुद्री सुरक्षा, क्षेत्रीय स्थिरता और नियम-आधारित अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था को मजबूत करने जैसे विषय प्रमुखता से शामिल रहे। दोनों पक्षों ने इस बात पर सहमति जताई कि भारत और अमेरिका के बीच बढ़ता रक्षा सहयोग क्षेत्रीय शांति और सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

--आईएएनएस

जीसीबी/एएस

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