नई दिल्ली: बिहार में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत मतदाता सूची में दावे और आपत्तियों के लिए सिर्फ 3 दिन बाकी हैं। इस बीच, भारत निर्वाचन आयोग ने बिहार एसआईआर के तहत शुक्रवार को दैनिक बुलेटिन जारी किया है। ईसीआई के अनुसार, नाम जोड़ने और हटाने के लिए अब तक 117 दावे और आपत्तियां प्राप्त हुई हैं।
चुनाव आयोग के अनुसार, प्रारूप निर्वाचक नामावली में नाम जोड़ने, हटाने या संशोधन के लिए दावे और आपत्तियां दर्ज करने की प्रक्रिया 1 अगस्त 2025 (दोपहर 3 बजे) से शुरू होकर 29 अगस्त 2025 (सुबह 10 बजे) तक जारी है। आयोग ने बताया कि इस प्रक्रिया के लिए अब केवल 3 दिन शेष हैं।
ईसीआई ने बताया कि राष्ट्रीय जनता दल (राजद) की ओर से 9 आपत्तियां मिली हैं। इसके अलावा, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्ससिस्ट-लेनिनिस्ट) (लिबरेशन) की ओर से 108 आपत्तियां मिली हैं, जिनका निपटारा 7 दिन में किया जाएगा।
चुनाव आयोग के अनुसार, मतदाता सूची में योग्य मतदाताओं को शामिल करने और अयोग्य मतदाताओं को हटाने के लिए 2,11,650 दावे और आपत्तियां प्राप्त हुईं, जिनमें से 28,796 का निस्तारण 7 दिनों के बाद किया गया।
इसके अलावा, 18 वर्ष या उससे अधिक आयु के नए मतदाताओं से 11,36,565 फॉर्म 6 (बीएलए से प्राप्त 16 प्रपत्रों सहित) प्राप्त हुए, जिनमें से 48,797 का निस्तारण हुआ है।
चुनाव आयोग के मुताबिक, दावे और आपत्तियों का निस्तारण 7 दिन की नोटिस अवधि पूरी होने से पहले नहीं किया जाएगा। 1 अगस्त 2025 को प्रकाशित प्रारूप मतदाता सूची से किसी भी नाम को बिना जांच और उचित सुनवाई के नहीं हटाया जाएगा। जिन व्यक्तियों के नाम प्रारूप सूची में शामिल नहीं हुए, उनकी सूची (कारण सहित) जिला स्तर पर डीईओ/डीएम की वेबसाइटों और मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी की वेबसाइट पर ईपीआईसी नंबर के साथ खोज योग्य रूप में उपलब्ध है।
निर्वाचन आयोग ने सभी पात्र मतदाताओं से अपील की है कि वे शेष 3 दिनों में अपने दावे और आपत्तियां दर्ज करा लें, ताकि मतदाता सूची को अंतिम रूप दिया जा सके।