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Vote Counting India : मतगणना पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित तरीके से कराई जाएगी : पश्चिम बंगाल सीईसी

293 सीटों की काउंटिंग के लिए 77 केंद्र, 500+ पर्यवेक्षक तैनात, कड़ी सुरक्षा व्यवस्था
मतगणना पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित तरीके से कराई जाएगी : पश्चिम बंगाल सीईसी

कोलकाता: पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के नतीजों से पहले राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल ने रविवार को विस्तृत तैयारियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि मतगणना पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित तरीके से कराई जाएगी। उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि सोमवार सुबह 8 बजे से वोटों की गिनती शुरू होगी।

अग्रवाल ने बताया, "राज्य में कुल 294 विधानसभा सीटें हैं, जिनमें से 293 सीटों की मतगणना एक साथ की जाएगी, जबकि फाल्टा विधानसभा सीट पर चुनाव 21 तारीख को होना है। मतगणना के लिए पूरे राज्य में कुल 77 केंद्र बनाए गए हैं। इनमें 35 केंद्र जिला मुख्यालयों में और 42 उप-मंडल मुख्यालयों में स्थित हैं।" उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार अधिकतम गिनती केंद्र जिला स्तर पर ही स्थापित किए जाते हैं, लेकिन जहां आवश्यक बुनियादी ढांचा उपलब्ध नहीं होता, वहां उप-मंडल स्तर पर भी केंद्र बनाए जाते हैं।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया, "मतगणना प्रक्रिया की निगरानी के लिए कुल 533 पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं। इनमें 293 मतगणना पर्यवेक्षक, 163 अतिरिक्त मतगणना पर्यवेक्षक और 77 पुलिस पर्यवेक्षक शामिल हैं। सभी अधिकारियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है, ताकि गिनती के दौरान किसी प्रकार की गड़बड़ी की संभावना न रहे।"

नतीजों की घोषणा को लेकर अग्रवाल ने बताया, "परिणाम भारत निर्वाचन आयोग की आधिकारिक वेबसाइट के साथ-साथ राज्य निर्वाचन कार्यालय की वेबसाइट पर भी उपलब्ध होंगे। जैसे ही फॉर्म-20 की प्रक्रिया पूरी होगी, परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे और मीडिया सेंटर के माध्यम से भी साझा किए जाएंगे। इसके अलावा टीवी, इंटरनेट, ईसीआईनेट और संबंधित रिटर्निंग अधिकारियों की वेबसाइट्स के जरिए भी लगातार अपडेट मिलते रहेंगे।"

मतगणना की व्यवस्था के बारे में उन्होंने बताया, "प्रत्येक टेबल पर ईवीएम मशीन रखी जाएगी, जहां एक मतगणना पर्यवेक्षक और एक सहायक तैनात रहेगा। इसके अतिरिक्त एक अलग टेबल पर मतगणना एजेंट और माइक्रो-पर्यवेक्षक मौजूद रहेंगे। हर टेबल पर पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए माइक्रो-पर्यवेक्षक, सहायक और पर्यवेक्षक की तैनाती की गई है। साथ ही सुरक्षा के मद्देनज़र टेबलों के चारों ओर वायर मेश (जाली) लगाई गई है।"

उन्होंने भरोसा दिलाया कि पूरी मतगणना प्रक्रिया निष्पक्ष, सुरक्षित और पारदर्शी ढंग से संपन्न कराई जाएगी, ताकि लोकतांत्रिक प्रक्रिया में जनता का विश्वास बना रहे।

--आईएएनएस