वॉशिंगटन: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पाकिस्तान में विशेष दूत भेजेंगे ताकि ईरान के साथ बातचीत की जा सके। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने बताया कि हाल ही में कुछ सकारात्मक संकेत मिले हैं।
लेविट ने कहा कि राष्ट्रपति ने स्पेशल एनवॉय वॉफ और जारेड कुश्नर को फिर से इस्लामाबाद भेजने का फैसला किया है।” उन्होंने यह भी कहा कि ईरान बातचीत करना चाहता है, और वो आमने-सामने बात करना चाहता है।
उन्होंने आगे बताया कि इसलिए स्टीव और जारेड पाकिस्तान जाएंगे, ताकि ईरान की बात सुन सकें। राष्ट्रपति ट्रंप हमेशा से मानते हैं कि “कूटनीति को एक मौका देना चाहिए।”
लेविट के अनुसार, पिछले कुछ दिनों में ईरान की तरफ से कुछ प्रगति देखी गई है, हालांकि उन्होंने यह साफ नहीं किया कि क्या तेहरान ने बातचीत से पहले कोई एकीकृत प्रस्ताव दिया है या नहीं।
वॉशिंगटन में वरिष्ठ नेतृत्व, जिसमें राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और विदेश मंत्री मार्को रुबियो शामिल हैं, वे सभी अमेरिका में ही रहेंगे और आगे की जानकारी का इंतजार करेंगे। उपराष्ट्रपति को “स्टैंडबाय” पर रखा गया है और जरूरत पड़ने पर उन्हें भी पाकिस्तान भेजा जा सकता है।
ये बयान ऐसे समय आए हैं जब मध्य पूर्व में कूटनीतिक गतिविधियां तेज हैं। लेविट ने इजरायल और लेबनान के बीच संघर्ष विराम (सीजफायर) बढ़ाने की भी पुष्टि की और इसे “दुनिया और अमेरिका के लिए एक और बड़ी सफलता” बताया।
उन्होंने कहा, “हम इजरायल और लेबनान दोनों के आभारी हैं कि उन्होंने मिलकर बातचीत जारी रखने का फैसला किया।” साथ ही उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में दोनों देशों के नेताओं को वॉशिंगटन में भी आमंत्रित किया जा सकता है।
--आईएएनएस