दक्षिण कोरिया में मध्य पूर्व युद्ध के प्रभाव को कम करने के लिए अतिरिक्त बजट विधेयक पर होगा मतदान

सियोल, 10 अप्रैल (आईएएनएस)। दक्षिण कोरिया की राष्ट्रीय संसद शुक्रवार को एक अतिरिक्त बजट विधेयक पर विचार करने वाली है, जिसका उद्देश्य मध्य पूर्व में जारी युद्ध के आर्थिक प्रभाव से निपटना है।

बढ़ती तेल कीमतों का बोझ कम करने और छोटे व्यवसायों व कमजोर परिवारों को संघर्ष के आर्थिक प्रभाव से बचाने के उद्देश्य से लाया गया यह अतिरिक्त बजट, स्थायी समितियों की समीक्षा के बाद सरकार के शुरुआती प्रस्ताव 26.2 ट्रिलियन वोन से बढ़कर लगभग 30 ट्रिलियन वोन (20.3 अरब डॉलर) हो गया है।

योनहाप समाचार एजेंसी के अनुसार, प्रतिद्वंद्वी दलों ने पहले शुक्रवार तक इस विधेयक को पारित करने पर सहमति जताई थी, लेकिन बजट के विवरण को लेकर अब भी मतभेद बने हुए हैं। इनमें सरकार की वह योजना भी शामिल है, जिसके तहत आय के निचले 70 प्रतिशत लोगों को नकद सहायता दी जानी है, ताकि बढ़ती तेल कीमतों का बोझ कम किया जा सके।

यदि यह विधेयक पारित हो जाता है, तो लगभग 3.58 करोड़ लोगों को उनकी आय स्तर और क्षेत्र के आधार पर प्रति व्यक्ति 100,000 वोन से 600,000 वोन तक की राशि दी जाएगी।

मुख्य विपक्षी पीपल पावर पार्टी का कहना है कि विधेयक में शामिल परियोजनाएं अतिरिक्त बजट के उद्देश्य से मेल नहीं खातीं, और उसने प्रभावित लोगों को सीधे सहायता देने वाले कार्यक्रमों की मांग की है। वहीं, सत्तारूढ़ डेमोक्रेटिक पार्टी ने इस विधेयक को जल्द पारित करने की अपील की है।

राष्ट्रीय संसद दिन में बाद में एक पूर्ण सत्र आयोजित कर इस विधेयक पर प्रक्रिया पूरी करेगी।

इससे पहले 7 अप्रैल को, दक्षिण कोरिया ने मई के लिए 6 करोड़ बैरल वैकल्पिक तेल आपूर्ति सुनिश्चित की थी, जो मध्य पूर्व से आने वाली आपूर्ति की जगह लेगी क्योंकि होर्मुज़ जलडमरूमध्य के प्रभावी बंद होने के कारण आपूर्ति बाधित हो गई है।

व्यापार, उद्योग और संसाधन सुरक्षा के उप मंत्री यांग गी-वुक ने नियमित प्रेस ब्रीफिंग में कहा कि देश ने अब तक कुल 11 करोड़ बैरल तेल 17 देशों से हासिल किया है जिसमें सऊदी अरब, अमेरिका, संयुक्त अरब अमीरात, ब्राजील और कनाडा शामिल हैं।

उन्होंने कहा कि अप्रैल और मई के लिए सुनिश्चित की गई यह मात्रा सामान्य स्थिति में दक्षिण कोरिया की मासिक तेल आपूर्ति का क्रमशः लगभग 60 प्रतिशत और 70 प्रतिशत है।

पिछले सप्ताह शुरू की गई तेल अदला-बदली (ऑयल स्वैप) प्रणाली के बारे में यांग ने बताया कि देश की चार प्रमुख रिफाइनरी कंपनियों ने इस योजना के तहत 3 करोड़ बैरल से अधिक तेल उधार लेने की योजना प्रस्तुत की है, जिसमें से लगभग 80 लाख बैरल की आपूर्ति इस सप्ताह की जाएगी।

--आईएएनएस

पीएम

Related posts

Loading...

More from author

Loading...