कंबोडिया: अंगकोर वाट में 'इक्विनॉक्स सनराइज' देखने के लिए उमड़े सैलानी

नोम पेन्ह (कंबोडिया), 22 मार्च (आईएएनएस)। स्प्रिंग इक्विनॉक्स का शानदार सूर्योदय देखने के लिए रविवार सुबह उत्तर-पश्चिम कंबोडिया में मशहूर अंगकोर वाट मंदिर के सामने बड़ी संख्या में सैलानी जुटे।

पर्यटन मंत्री हुओट हक ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, "बड़ी संख्या में देश-विदेश से सैलानी अंगकोर वाट आए। यहां के सेंट्रल टावर से सूर्योदय की यादगार तस्वीरें लेने के लिए ये सभी इकट्ठा हुए।"

उन्होंने आगे कहा, "इक्विनॉक्स सूर्योदय एक अनोखी और दुर्लभ खगोलीय घटना है जो साल में सिर्फ दो बार होती है।"

सिएम रीप प्रांत में अंगकोर आर्कियोलॉजिकल पार्क के मैनेजमेंट, सुरक्षा और बचाव के लिए जिम्मेदार सरकारी एजेंसी एपीएसएआरए नेशनल अथॉरिटी (एएनए) ने कहा कि अंगकोर इक्विनॉक्स साल में दो बार होता है।

सिन्हुआ ने एक न्यूज रिलीज में एएनए कोट का हवाला देते हुए बताया कि पहली घटना, जिसे वर्नल इक्विनॉक्स (वसंत विषुव) कहा जाता है, 21 से 23 मार्च के बीच होती है, और दूसरी घटना, जिसे ऑटमनल इक्विनॉक्स (शरद विषुव) कहा जाता है, 21 से 23 सितंबर के बीच होती है।

एएनए ने कहा, "अंगकोर इक्विनॉक्स एक ऐसा इवेंट है, जिसमें सूरज अंगकोर वाट के सेंट्रल टावर के ऊपर उगता है, जिससे एक शानदार नजारा बनता है जो हमारे खमेर पूर्वजों की देन है। यह आस्था और विज्ञान दोनों का खूबसूरत परिचायक है।"

अंगकोर वाट यूनेस्को सूची में शामिल अंगकोर आर्कियोलॉजिकल पार्क के बड़े मंदिरों में से एक है। 401 स्क्वायर किलोमीटर के इस पार्क में 91 पुराने मंदिर हैं, जिन्हें नौवीं से 13वीं सदी के बीच बनाया गया था।

सरकारी अंगकोर एंटरप्राइज के मुताबिक, दक्षिण-पूर्व एशियाई देश के सबसे लोकप्रिय पर्यटन स्थल ने 2025 में कुल 955,131 अंतर्राष्ट्रीय पर्यटकों को आकर्षित किया। इसकी टिकट बिक्री से ही 44.7 मिलियन अमेरिकी डॉलर का सकल राजस्व उत्पन्न हुआ।

इक्विनॉक्स, जिसे हिंदी में विषुव कहा जाता है, एक खगोलीय घटना है। यह ऐसी स्थिति है जब सूर्य ठीक भूमध्य रेखा (इक्वेटर) के ऊपर होता है, जिससे धरती पर दिन-रात की लंबाई लगभग बराबर होती है। 'इक्विनॉक्स' लैटिन शब्द 'इक्वेस' (बराबर) और 'नॉक्स' (रात) के मेल से बना है। यह साल में दो बार होता है: वसंत विषुव उत्तरी गोलार्ध में मार्च के आसपास और दूसरा शरद विषुव उत्तरी गोलार्ध में सितंबर के आसपास होता है।

--आईएएनएस

केआर/

Related posts

Loading...

More from author

Loading...