'सरके चुनर तेरी' विवाद पर डॉ. योगानंद गिरि का बयान, 'बॉलीवुड के खिलाफ भी होगा आंदोलन'

मिर्जापुर, 17 मार्च (आईएएनएस)। फिल्म 'केडी: द डेविल' के गाने 'सरके चुनर तेरी' को लेकर जारी विवाद लगातार गहराता जा रहा है। अब इस मामले में धार्मिक और सामाजिक संगठनों की ओर से भी प्रतिक्रिया सामने आ रही है। इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर से डॉ. योगानंद गिरि ने आईएएनएस से बात करते हुए गाने के बोलों को लेकर आपत्ति जताई और कड़ा रुख अपनाने की चेतावनी दी है।

आईएएनएस संग बातचीत में डॉ. योगानंद गिरि ने कहा कि इस गाने में इस्तेमाल किए गए डबल मीनिंग शब्द साफ दिखाते हैं कि फिल्म इंडस्ट्री समाज को किस दिशा में ले जा रही है। इस तरह के गानों से नई पीढ़ी पर गलत असर पड़ रहा है और यह चिंता का विषय है।

उन्होंने कहा कि लोगों का नाराजगी जताना उनका अधिकार है और ऐसे कंटेंट का विरोध करना जरूरी है।

डॉ. गिरि ने सवाल उठाया कि आखिर क्यों सेंसर बोर्ड इस तरह के गानों पर रोक नहीं लगा पा रहा है। अगर सेंसर बोर्ड ऐसे मामलों में कार्रवाई नहीं करता, तो इससे यह शक पैदा होता है कि कहीं वह भ्रष्टाचार का शिकार तो नहीं हो गया है।

डॉ. योगानंद गिरि ने आगे चेतावनी दी कि फिलहाल विरोध सिर्फ एक गाने को लेकर हो रहा है, लेकिन अगर इस तरह का कंटेंट जारी रहा, तो पूरे बॉलीवुड के खिलाफ आंदोलन चलाया जाएगा।

उन्होंने आगे कहा, ''फिल्में समाज को अच्छा संदेश देने के लिए बनाई जाती हैं, लेकिन आज के समय में कई फिल्में मर्यादा और संस्कार से बाहर जा रही हैं। अब ऐसी फिल्में कम ही रह गई हैं जिन्हें परिवार के साथ बैठकर देखा जा सके।''

दरअसल, 'सरके चुनर तेरी' गाना रिलीज के साथ ही विवादों में घिरा हुआ है। इस गाने के बोल और डांस को अश्लील और फूहड़ बताते हुए लोग विरोध कर रहे हैं। बढ़ते विरोध के चलते फिल्म के मेकर्स को आखिरकार यह गाना यूट्यूब से हटाना पड़ा।

इससे पहले भी कई हस्तियां इस गाने को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर कर चुकी हैं। सिंगर अरमान मलिक ने इसे गीत लेखन का नया निचला स्तर करार दिया, जबकि अभिनेत्री और सांसद कंगना रनौत ने बॉलीवुड पर सस्ती पब्लिसिटी के लिए हदें पार करने का आरोप लगाया।

--आईएएनएस

पीके/एबीएम

Related posts

Loading...

More from author

Loading...