Maithili Thakur Proposal : मैथिली ठाकुर ने सदन में उठाया अहम मुद्दा, अर्जुन वृक्ष आधारित हर्बल उद्योग को बढ़ावा देने की मांग

अर्जुन वृक्ष से रोजगार, स्वास्थ्य और पर्यावरण को बढ़ावा देने का प्रस्ताव
मैथिली ठाकुर ने सदन में उठाया अहम मुद्दा, अर्जुन वृक्ष आधारित हर्बल उद्योग को बढ़ावा देने की मांग

पटना: भाजपा विधायक और लोक गायिका मैथिली ठाकुर ने बजट सत्र के दौरान सामाजिक-आर्थिक विकास से जुड़ा अहम मुद्दा उठाया। उन्होंने ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जरिए अर्जुन वृक्ष आधारित हर्बल उद्योग को बढ़ावा देने की मांग रखी। इस पूरी स्पीच का वीडियो उन्होंने इंस्टाग्राम पर साझा किया।

वीडियो में मैथिली ठाकुर बिहार विधानसभा में दिए गए अपने भाषण को विस्तार से रखते हुए नजर आती हैं। वह कहती हैं, ''उत्तर बिहार, खासकर अलीनगर और मिथिला क्षेत्र में अर्जुन वृक्ष की प्राकृतिक रूप से भरपूर उपलब्धता है। यह वृक्ष केवल एक पेड़ नहीं, बल्कि औषधीय और आर्थिक दृष्टि से बड़ी संपत्ति है। अर्जुन वृक्ष की छाल में ऐसे औषधीय गुण पाए जाते हैं, जो हृदय रोग, शुगर, क्षय रोग और कोलेस्ट्रॉल जैसी गंभीर बीमारियों में उपयोगी माने जाते हैं। आज देश-विदेश में हर्बल और आयुर्वेदिक दवाओं की मांग तेजी से बढ़ रही है, ऐसे में बिहार इस क्षेत्र में बड़ी भूमिका निभा सकता है।''

मैथिली ठाकुर ने अपने प्रस्ताव में इस बात पर जोर दिया कि अभी तक अर्जुन की छाल को कच्चे रूप में दूसरे राज्यों में भेज दिया जाता है, जिससे असली लाभ बिहार को नहीं मिल पाता। यदि जिला स्तर पर प्रोसेसिंग यूनिट स्थापित की जाएं और यहीं टैबलेट, चूर्ण, काढ़ा और हार्ट केयर सप्लीमेंट्स जैसे उत्पाद तैयार किए जाएं, तो राज्य में हर्बल इंडस्ट्री को नई दिशा मिल सकती है। इससे बिहार को एक मजबूत हर्बल मेडिसिन हब के रूप में स्थापित किया जा सकता है।

अपने बयान में मैथिली ठाकुर ने पर्यावरणीय पहलू को भी अहम बताया। उन्होंने कहा, ''मिथिला क्षेत्र बाढ़ प्रभावित है और अर्जुन वृक्ष मिट्टी कटाव रोकने में सहायक हो सकता है। बड़े पैमाने पर पौधरोपण से न केवल पर्यावरण संतुलन मजबूत होगा, बल्कि बाढ़ से होने वाले नुकसान को भी काफी हद तक कम किया जा सकता है।''

उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि अर्जुन वृक्ष की खेती, प्रोसेसिंग और ब्रांडिंग को एक समग्र योजना के तहत आगे बढ़ाया जाए।

उन्होंने पोस्ट में लिखा, ''आज सदन में ध्यानाकर्षण के माध्यम से मैंने अर्जुन पौधरोपण को पायलट प्रोजेक्ट के रूप में प्रस्तावित किया है। यह पहल बिहार के लिए 'ट्रिपल बेनिफिट' साबित हो सकती है। अर्जुन पौधरोपण और उससे जुड़ा हर्बल उद्योग स्वास्थ्य सुरक्षा, युवाओं को रोजगार और पर्यावरण संरक्षण, इन तीनों क्षेत्रों में एक साथ लाभ देगा। मेरे ध्यान आकर्षण को सकारात्मक रूप से स्वीकार करने के लिए बिहार सरकार का हृदय से धन्यवाद। आशा है कि इस प्रस्ताव पर शीघ्र ठोस पहल होगी।''

--आईएएनएस

 

 

Related posts

Loading...

More from author

Loading...