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टॉइलट से कहीं ज्‍यादा बैक्‍टीरिया दरवाजों के हैंडल पर

टॉइलट से कहीं ज्‍यादा बैक्‍टीरिया दरवाजों के हैंडल पर
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लंदन: एक ताजे अध्ययन में बताया गया है कि पब्लिक टॉइलट में सीट से ज्‍यादा बैक्‍टीरिया दरवाजों के हैंडल और टेप्‍स में होते हैं। इतना ही नहीं टॉइलट सीट से ज्‍यादा संक्रमित होता है आपका मोबाइल फोन। महिलाएं अक्‍सर पब्लिक टॉइलट का प्रयोग करने से हिचकिचाती हैं। वह टॉइलट करने के लिए सीट पर बैठने की बजाए केवल जरा सा झुककर ही काम चला लेती है। ऐसी महिलाओं को बता दें कि आप जिस सीट पर बैठने से इतना परहेज करती हैं दरअसल उससे ज्‍यादा बैक्‍टीरिया तो दरवाजों के हैंडल पर होते हैं, जिनको आप हाथ धोने के बाद पकड़कर दरवाजा खोलती हैं। इसमें कोई दो मत नहीं है कि मनुष्‍य के फीकल मैटर (मल) में कई घातक बैक्‍टीरिया के अलावा रोगाणु भी होते हैं, जिनके संपर्क में आने से गंभीर बीमारियां हो सकती हैं। लेकिन बात की जाए पब्लिक टॉइलट की तो एक्‍सपर्ट्स का मानना है कि टॉइलट की सीट से बैक्‍टीरिया का संक्रमण फैलने की आशंका बहुत कम होती है। उन्‍होंने बताया कि आंत में होने वाले संक्रमण हाथ से मुंह में जाने वाले बैक्‍टीरिया से अधिकतर होते हैं। इसलिए लोगों को सीट से ज्‍यादा टॉइलट के दरवाजों के हैंडल और टेप्‍स को पकड़ने से बचना चाहिए। अगर आप चाहते हैं कि आपको किसी भी प्रकार का संक्रमण न हो तो बेहतर होगा कि एक बार साबुन से हाथ धोने के बाद हैंडल और नॉब को टच न करें। आपको यह जानकर भी आश्‍चर्य होगा कि एक औसत व्‍यक्ति की जांघें उसके हाथों से ज्‍यादा साफ रहती हैं। इसलिए बेहतर होगा कि आप टॉइलट सीट पर बैठने से परहेज करने की बजाए लोगों से हाथ मिलाने से परहेज करें तो संक्रमण से बचे रहेंगे। टॉइलट सीट के बारे में ज्‍यादा सोचने से अच्‍छा है कि आप ठीक से फ्लश करके टॉइलट से बाहर निकलें।


Updated : 15 Jun 2019 10:28 PM GMT
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